'काला हिरण' फिल्म केस में सलमान खान को राहत: दिल्ली हाईकोर्ट ने मेकर्स को फटकारा, टीजर हटाने को कहा
सलमान खान से जुड़े मुद्दे पर बनी फिल्म 'काला हिरण: द बैटल फॉर लेगेसी' को लेकर कानूनी विवाद में दिल्ली हाई कोर्ट ने बड़ा कदम उठाया है। कोर्ट ने मेकर्स को फटकारते हुए फिल्म से जुड़े लिंक्स और टीजर हटाने के निर्देश दिए।
'काला हिरण' मेकर्स को दिल्ली हाईकोर्ट की फटकार
- Published: 27 Jul 2026, 02:41 PM IST
- Last Updated: 27 Jul 2026, 06:41 PM IST
Salman Khan Kala Hiran movie: अभिनेता सलमान खान से जुड़े मामले पर बनी फिल्म 'काला हिरण: द बैटल फॉर लेगेसी' को लेकर चल रहे कानूनी विवाद पर सोमवार को दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई की। काला हिरण बनाने वाले अमित जानी और मेकर्स को दिल्ली हाईकोर्ट ने फटकारते हुए फिल्म से जुड़े सोशल मीडिया लिंक हटाने का निर्देश दिया। कोर्ट ने विशेष रूप से एक्स (X) और यूट्यूब पर मौजूद फिल्म के टीजर और उससे संबंधित कंटेंट को हटाने के आदेश दिए। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने फिल्म के निर्माता अमित जानी के रवैये पर भी कड़ी नाराजगी जताई।
कोर्ट ने निर्माता के रवैये पर जताई नाराजगी
सुनवाई के दौरान, कोर्ट ने जानी के बर्ताव पर कड़ी टिप्पणी की। साथ ही, दोनों पक्षों ने इस बात पर अपनी दलीलें रखीं कि क्या टीज़र ने सलमान खान के पर्सनैलिटी राइट्स का उल्लंघन किया है और एक्टर से जुड़े ब्लैकबक केस का भी जिक्र किया।
जानी के वकील से बात करते हुए हाई कोर्ट ने कहा, "लगता है आपकी हिम्मत बढ़ गई है क्योंकि पिछली बार कोई आदेश नहीं दिया गया था।"
कोर्ट ने आगे कहा, "ऐसा लगता है कि आप खुद को कानून से ऊपर समझते हैं। आपका व्यवहार दिन-ब-दिन बिगड़ता जा रहा है। आप किसी आम नागरिक के साथ भी ऐसा बर्ताव नहीं कर सकते।"
निर्माता पक्ष का दावा- यह सिर्फ एक टीजर है
जवाब में, अमित जानी के वकील ने कहा कि जिस मटीरियल पर सवाल उठाया जा रहा है, वह "सिर्फ एक टीजर" था और उन्होंने सवाल किया कि इससे सलमान खान के पर्सनैलिटी राइट्स का उल्लंघन कैसे हुआ। वकील ने कहा, "मैं तो उनका नाम भी नहीं ले रहा हूं।" वकील ने यह भी तर्क दिया कि टीज़र में कोई डीपफेक या AI-जनरेटेड कंटेंट नहीं था, और कहा कि "घटनाओं या पब्लिक अपीयरेंस पर कोई सुरक्षा नहीं होती है।"
Trailer of Kala Hiran Looks Interesting! pic.twitter.com/XSbrb348BA
— The Jaipur Dialogues (@JaipurDialogues) June 13, 2026
सलमान खान के वकील ने उठाए कई सवाल
सलमान खान की ओर से पेश वकील ने अदालत को बताया कि अभिनेता से जुड़े काले हिरण शिकार मामले के चार मामलों में से तीन में उन्हें बरी किया जा चुका है, जबकि चौथे मामले में सजा पर फिलहाल रोक लगी हुई है।
उन्होंने आरोप लगाया कि फिल्म के जरिए सलमान खान की छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की जा रही है और एक पूरे समुदाय को उनके खिलाफ प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है।
इससे पहले 1 जुलाई को भी दिल्ली हाई कोर्ट में इस मामले की सुनवाई हुई थी। उस समय फिल्म निर्माताओं ने अदालत को भरोसा दिलाया था कि मामले का निपटारा होने तक फिल्म को न तो रिलीज किया जाएगा और न ही सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) के पास प्रमाणन के लिए भेजा जाएगा। इसके बाद अदालत ने सुनवाई आगे बढ़ा दी थी।
क्या है पूरा विवाद?
यह कानूनी विवाद तब शुरू हुआ जब सलमान खान ने दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका दाखिल कर आरोप लगाया कि 'काला हिरण: द बैटल फॉर लेगेसी' उनकी चर्चित काले हिरण शिकार मामले से प्रेरित है। अभिनेता ने अदालत से फिल्म की रिलीज पर तत्काल रोक लगाने, पोस्टर, टीजर और अन्य प्रमोशनल कंटेंट हटाने की मांग की थी।
दूसरी ओर, निर्माता अमित जानी ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा था कि फिल्म किसी व्यक्ति विशेष की बायोपिक नहीं है। उनके अनुसार, यह कहानी सार्वजनिक रूप से उपलब्ध तथ्यों पर आधारित है और इसमें बिश्नोई समुदाय द्वारा वन्यजीव संरक्षण के प्रयासों को प्रमुखता से दिखाया गया है।