पलामू में खूनी संघर्ष: चाकूबाजी में जख्मी शख्स की मौत, मां और बहनोई घायल
पलामू के चैनपुर थाना क्षेत्र में चाकूबाजी और गोलीबारी में एक शख्स की मौत हो गई, जबकि दो घायल हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर परिजनों ने कोयल नदी पुल पर जाम लगाया।
पलामू के चैनपुर थाना क्षेत्र में चाकूबाजी और गोलीबारी में एक शख्स की मौत हो गई।
- Published: 01 Aug 2026, 04:52 PM IST
- Last Updated: 01 Aug 2026, 04:52 PM IST
Palamu news: पलामू जिले के चैनपुर थाना क्षेत्र के काराकाट बंधुआ गांव में बुधवार शाम एक दहला देने वाली खूनी वारदात सामने आई है। अपराधियों ने घर में घुसकर हमला किया, जिसमें चाकूबाजी में गंभीर रूप से जख्मी हुए मकबूल मियां की इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं इस घटना में उनकी मां शाहीन बीवी और बहनोई सुलेमान मियां भी गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। दोनों घायलों को इलाज के लिए एमएमसीएच (MMCH) में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
अपहरण की नीयत से आए थे अपराधी
यह खूनी संघर्ष तब शुरू हुआ जब अपराधी सुलेमान मियां की बेटी का अपहरण करने के इरादे से वहां पहुंचे थे। परिजनों के अनुसार, ये अपराधी पिछले 4 महीनों से लगातार धमकी दे रहे थे। बुधवार शाम को जब इन्होंने वारदात को अंजाम दिया, तो बीच-बचाव करने आए मकबूल मियां और उनकी मां शाहीना बीबी को ताबड़तोड़ चाकू मार दिए गए, जबकि बहनोई सुलेमान मियां को गोली मार दी गई।
रांची ले जाने के दौरान हुई मौत
चाकूबाजी में गंभीर रूप से घायल हुए मकबूल मियां को पहले इलाज के लिए डॉक्टर राहुल अग्रवाल के अस्पताल ले जाया गया था। वहां उनकी नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए रांची रेफर कर दिया। हालांकि, रांची ले जाने के दौरान रास्ते में ही मकबूल मियां ने दम तोड़ दिया, जिससे परिवार में कोहराम मच गया।
शव के साथ सड़क जाम और प्रदर्शन
घटना से गुस्साए परिजनों और स्थानीय ग्रामीणों ने मकबूल मियां की मौत के बाद मेदिनीनगर-चैनपुर मार्ग पर स्थित शाहपुर में कोयल नदी पुल को जाम कर दिया। यह सड़क जाम सुबह साढ़े आठ बजे से साढ़े नौ बजे तक यानी करीब एक घंटे तक जारी रहा। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अपराधियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग करते हुए जमकर नारेबाजी की और पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर कड़े सवाल उठाए।
पुलिस अधिकारियों की समझाइश और लिखित आश्वासन
प्रदर्शन की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। चैनपुर थाना प्रभारी लाल जी, सदर थाना प्रभारी अफजल अंसारी और ट्रैफिक प्रभारी रुद्रानंद सरस समेत कई बड़े पुलिस अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे।
इस दौरान चैनपुर के जिला पार्षद और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के नेता फजायल अहमद भी आंदोलनकारियों के साथ धरने पर बैठे नजर आए। प्रदर्शनकारी मौके पर पुलिस अधीक्षक (SP) को बुलाने की जिद पर अड़े हुए थे। काफी मशक्कत और पुलिस अधिकारियों द्वारा मांगों पर लिखित आश्वासन दिए जाने के बाद लोगों का गुस्सा शांत हुआ, जिसके बाद जाम हटाया गया और पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए एमएमसीएच भेज दिया।
जाम के कारण आम जनजीवन प्रभावित
कोयल नदी पुल पर लगे इस एक घंटे के लंबे जाम के कारण सड़क के दोनों छोर पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और दर्जनों गाड़ियां फंस गईं। जाम की वजह से स्कूल-कॉलेज जाने वाले छोटे-छोटे बच्चे बुरी तरह परेशान हुए। इसके अलावा कई मरीज समय पर अस्पताल नहीं पहुंच सके और रोजमर्रा की मजदूरी करने जाने वाले लोगों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
स्थिति यह थी कि लोगों को पुल से पैदल भी नहीं गुजरने दिया जा रहा था। हालांकि, कोयल नदी में पानी का जलस्तर अधिक होने के कारण नीचे से पार करना भी जोखिम भरा था, इसके बावजूद कुछ लोगों ने भारी मशक्कत कर नदी पार की।