Datia Bypoll Result 2026: मध्य प्रदेश की दतिया सीट पर कांग्रेस के घनश्याम सिंह ने BJP के आशुतोष तिवारी को 6,016 वोटों से हराया। जानें पूरा चुनाव परिणाम और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं।
Datia Bypoll Result 2026: मध्य प्रदेश की दतिया सीट पर कांग्रेस के घनश्याम सिंह ने BJP के आशुतोष तिवारी को 6,016 वोटों से हराया।
- Published: 03 Aug 2026, 06:37 PM IST
- Last Updated: 03 Aug 2026, 06:37 PM IST
Datia Bypoll Result 2026: मध्य प्रदेश की चर्चित दतिया विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में कांग्रेस ने शानदार जीत दर्ज की है। कांग्रेस उम्मीदवार घनश्याम सिंह ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवार आशुतोष तिवारी को 6,016 वोटों से हराकर सीट अपने नाम कर ली। निर्वाचन आयोग (ECI) के अनुसार, सभी 15 राउंड की मतगणना पूरी होने के बाद घनश्याम सिंह को 66,757 वोट, जबकि आशुतोष तिवारी को 60,741 वोट मिले।
30 जुलाई को हुए मतदान के बाद आए इस परिणाम को मध्य प्रदेश की राजनीति में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि यह सीट भाजपा और कांग्रेस दोनों के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गई थी।
Datia Bypoll Result 2026: मुख्य बातें
- कांग्रेस के घनश्याम सिंह ने 6,016 वोटों से जीत दर्ज की।
- घनश्याम सिंह को 66,757 और आशुतोष तिवारी को 60,741 वोट मिले।
- उपचुनाव 30 जुलाई को हुआ था।
- सीट कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता समाप्त होने के बाद खाली हुई थी।
- भाजपा ने नरोत्तम मिश्रा की जगह आशुतोष तिवारी को उम्मीदवार बनाया था।
- भाजपा ने हार की समीक्षा और अनुशासनहीनता पर कार्रवाई के संकेत दिए।
- कांग्रेस ने परिणाम को राज्य में बदलाव का संदेश बताया।
#WATCH | Datia, Madhya Pradesh | Congress Candidate Ghanshyam Singh collects his winning certificate following his victory in the Datia Assembly by-polls.
He won the Datia Assembly constituency with 66,757 votes, defeating BJP candidate Ashutosh Tiwari, who secured 60,741 votes. pic.twitter.com/ZXZQ7vcPK3
— ANI (@ANI) August 3, 2026
क्यों हुआ था दतिया विधानसभा उपचुनाव?
दतिया विधानसभा सीट पर उपचुनाव इसलिए कराया गया क्योंकि कांग्रेस के तत्कालीन विधायक राजेंद्र भारती को दिल्ली की एक अदालत ने बैंक धोखाधड़ी और जालसाजी के मामले में दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई थी। इसके बाद उनकी विधानसभा सदस्यता समाप्त हो गई और सीट रिक्त होने पर चुनाव आयोग ने उपचुनाव कराया।
भाजपा ने नरोत्तम मिश्रा का टिकट काटा था
इस उपचुनाव में भाजपा ने पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का टिकट काटकर आशुतोष तिवारी को उम्मीदवार बनाया था। नरोत्तम मिश्रा 2008, 2013 और 2018 में लगातार तीन बार दतिया से विधायक रहे थे, लेकिन 2023 विधानसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। इसके बाद पार्टी ने नए चेहरे पर दांव लगाया, लेकिन भाजपा सीट बचाने में सफल नहीं हो सकी।
आशुतोष तिवारी बोले- जनता का फैसला स्वीकार है
हार के बाद भाजपा उम्मीदवार आशुतोष तिवारी ने मतदाताओं, पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं का आभार जताया। उन्होंने कहा कि पार्टी का हर कार्यकर्ता पूरी निष्ठा से चुनाव मैदान में उतरा और उन्होंने सरकार की योजनाओं को जनता तक पहुंचाने का प्रयास किया।
उन्होंने कहा कि जनता जो भी फैसला देगी, उसे वह विनम्रता से स्वीकार करेंगे। साथ ही उन्होंने कार्यकर्ताओं की मेहनत और पार्टी नेतृत्व के समर्थन के लिए धन्यवाद दिया।
भाजपा करेगी हार की समीक्षा
दतिया में हार के बाद मध्य प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कहा कि पार्टी चुनाव परिणामों की विस्तृत समीक्षा करेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि चुनाव के दौरान यदि किसी स्तर पर अनुशासनहीनता हुई है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
जीतू पटवारी का BJP पर हमला
मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने दतिया उपचुनाव के परिणाम को भाजपा सरकार के खिलाफ जनता का संदेश बताया। उन्होंने कहा कि यह जीत कांग्रेस कार्यकर्ताओं की सामूहिक मेहनत का परिणाम है और राज्य में बदलाव की शुरुआत का संकेत देती है।
पटवारी ने दावा किया कि "अगर नरोत्तम मिश्रा भी चुनाव लड़ते, तब भी भाजपा हार जाती।"
क्या संकेत देता है दतिया का परिणाम?
दतिया उपचुनाव का परिणाम केवल एक सीट की जीत-हार तक सीमित नहीं माना जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार यह नतीजा मध्य प्रदेश में कांग्रेस के मनोबल को बढ़ाने वाला है, वहीं भाजपा के लिए संगठन और स्थानीय रणनीति की समीक्षा का संकेत भी देता है। आगामी राजनीतिक मुकाबलों से पहले यह परिणाम दोनों दलों की रणनीति पर असर डाल सकता है।