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82 लाख के मादक पदार्थ के साथ 2 तस्कर गिरफ्तार: किशनगंज में पुलिस ने 408 ग्राम स्मैक और 3.888 किलो गांजा पकड़ा - Kishanganj (Bihar) News

October 4, 2026

किशनगंज में नशे के कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत किशनगंज पुलिस को बड़ी सफलता मिली है।

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पुलिस ने दो अलग-अलग कार्रवाई में कुल 408 ग्राम स्मैक (हेरोइन जैसा पदार्थ) और 3.888 किलोग्राम गांजा बरामद करते हुए दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है।

बरामद मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 82 लाख रुपये आंकी गई है।

दोनों मामलों में किशनगंज थाना में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

संदिग्ध युवक को पकड़ लिया गया

पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार को मिली गुप्त सूचना के आधार पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-1 खुसरू सिराज के नेतृत्व में एएनटीएफ और किशनगंज थाना पुलिस की संयुक्त टीम का गठन किया गया था।

पहली कार्रवाई में पुलिस ने किशनगंज थाना क्षेत्र के एमजीएम गेट संख्या-2 के पास मालद्वार जाने वाली सड़क पर विशेष जांच अभियान चलाया।

इस दौरान पुलिस को देखकर भागने का प्रयास कर रहे एक संदिग्ध युवक को पकड़ लिया गया।

उसकी पहचान पश्चिम बंगाल के उत्तर दिनाजपुर जिले के ग्वालपोखर थाना क्षेत्र निवासी 30 वर्षीय निखिल मंडल के रूप में हुई।

3.888 किलोग्राम गांजा और एक मोबाइल फोन बरामद

तलाशी के दौरान उसके पास से 408 ग्राम स्मैक जैसा मादक पदार्थ और एक मोबाइल फोन बरामद किया गया।

पूछताछ में उसने बताया कि वह मालद्वार से मादक पदार्थ लेकर किशनगंज में एक अन्य तस्कर को पहुंचाने जा रहा था। इस मामले में किशनगंज थाना कांड संख्या 1094/26 दर्ज किया गया है।

दूसरी कार्रवाई किशनगंज बस स्टैंड से रेलवे स्टेशन जाने वाली सर्विस रोड पर की गई। पुलिस ने टाउन हॉल के पास एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़कर उसकी तलाशी ली।

उसकी पहचान पश्चिम बंगाल के मुर्शीदाबाद जिले के इस्लामपुर थाना क्षेत्र निवासी 30 वर्षीय सत्तार शेख के रूप में हुई। उसके शरीर से बंधे पैकेटों से 3.888 किलोग्राम गांजा और एक मोबाइल फोन बरामद किया गया।

बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक की जांच भी जारी

आरोपी ने पूछताछ में बताया कि वह कूचबिहार से गांजा लेकर मुर्शीदाबाद बेचने जा रहा था। इस मामले में किशनगंज थाना कांड संख्या 1095/26 दर्ज किया गया है।

पुलिस के अनुसार दोनों गिरफ्तार तस्करों से पूछताछ के आधार पर उनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा रही है।

बरामद मोबाइल फोन का तकनीकी विश्लेषण किया जा रहा है तथा मादक पदार्थों के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक की जांच भी जारी है।

पुलिस ने संकेत दिया है कि इस कारोबार से अर्जित अवैध संपत्तियों को चिन्हित कर जब्ती की कार्रवाई भी की जाएगी।