भोपाल में संपन्न हुई स्वदेशी व्यापारी मंच की राष्ट्रीय बैठक। हर साल 29 जून को भामाशाह जयंती 'व्यापारी दिवस' के रूप में मनाई जाएगी।
भोपाल में संपन्न हुई स्वदेशी व्यापारी मंच की राष्ट्रीय बैठक। हर साल 29 जून को भामाशाह जयंती 'व्यापारी दिवस' के रूप में मनाई जाएगी।
- Published: 01 Sep 2026, 07:20 PM IST
- Last Updated: 01 Sep 2026, 07:20 PM IST
Vyapari Divas: राजधानी भोपाल में स्वदेशी व्यापारी मंच की दो दिवसीय राष्ट्रीय बैठक 30 और 31 अगस्त को सफलतापूर्वक संपन्न हुई। इस कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता, पंडित दीनदयाल उपाध्याय, दत्तोपंत ठेंगड़ी और भामाशाह की तस्वीरों पर पुष्प अर्पित कर किया गया। बैठक में देश के 15 राज्यों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया, जिसमें देशभर के विभिन्न व्यापारिक संगठनों से जुड़े सैकड़ों प्रमुख व्यापारी, उद्यमी और कार्यकर्ता शामिल हुए।
‘व्यापारी दिवस’ के रूप में मनाई जाएगी भामाशाह जयंती
बैठक के दौरान एक बड़ा और महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया कि अब प्रतिवर्ष 29 जून को भामाशाह जयंती पूरे देश में ‘व्यापारी दिवस’ के रूप में मनाई जाएगी। इसके अलावा, बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि स्वदेशी व्यापारी मंच कोई नया व्यापारिक संगठन नहीं है, बल्कि देश भर के विभिन्न व्यापारिक संगठनों को एकजुट करके व्यापारी हित और राष्ट्रहित में सामूहिक आवाज उठाने वाला एक साझा मंच है। इस आयोजन में सीएआईटी (CAIT), अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल, भारतीय उद्योग व्यापार मंडल और हॉकर्स ज्वाइंट एक्शन कमेटी सहित कई प्रतिष्ठित संगठनों ने सहभागिता की।

दिग्गजों का मिला मार्गदर्शन और रणनीति पर मंथन
इस राष्ट्रीय बैठक में स्वदेशी जागरण मंच के अखिल भारतीय संगठक कश्मीरी लाल, सह-संगठक सतीश कुमार, व्यापारी कल्याण बोर्ड के चेयरमैन सुनील सिंघी, स्वदेशी व्यापारी मंच के राष्ट्रीय संयोजक बीसी भरतिया और चांदनी चौक से सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने अपने प्रेरक संबोधन दिए। इसके साथ ही अजय पाटकी, दीपक शर्मा ‘प्रदीप’, संदीप बंसल, धर्मेंद्र कुमार, मनोहर लाल अग्रवाल, सतीश चावला, साकेत राठौर, सीए हरीश चौधरी, केशव दुबोलिया, सुधीर दाते और मध्य प्रदेश प्रभारी राकेश द्विवेदी सहित कई प्रमुख वक्ताओं ने अपने विचार साझा किए।
प्रदेश में ‘टीम 21’ और जिले में होगी ‘टीम 11’ गठित
संगठन के प्रभावी संचालन और विस्तार के लिए यह तय किया गया कि प्रदेश स्तर पर ‘टीम 21’ और जिला स्तर पर ‘टीम 11’ का गठन किया जाएगा। जिला टीम में एक संयोजक, दो सह-संयोजक और अन्य कार्यकारिणी सदस्य शामिल होंगे। संगठनात्मक गतिविधियों की नियमित समीक्षा के लिए हर महीने बैठक करना अनिवार्य होगा।
बैठक में लिए गए अन्य प्रमुख निर्णय
- नैतिक व्यापार को बढ़ावा: मंच से जीएसटी चोरी, मिलावट और नकली सामान का कारोबार करने वाले लोगों को नहीं जोड़ा जाएगा। केवल ईमानदार और नैतिक व्यापार करने वालों को स्थान मिलेगा।
- प्रशिक्षण और ओडीओपी: छोटे व्यापारियों को बिजनेस डेवलपमेंट की ट्रेनिंग दी जाएगी। साथ ही 'मेरा जिला, मेरा देश' की भावना के साथ एक जिला एक उत्पाद (ODOP) और एमएसएमई योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए विभागों से समन्वय किया जाएगा।
- सामाजिक सरोकार: व्यापारियों को परिवार के लिए समय निकालने और व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा देने के लिए प्रेरित किया जाएगा। सदस्य रक्तदान, नशामुक्ति और स्वास्थ्य शिविरों में भी भाग लेंगे।
- स्वदेशी अभियान: व्यापारिक दुकानों पर राष्ट्रीय और व्यापार हित वाले स्वदेशी संदेश के स्टीकर लगाए जाएंगे।
डिजिटल विस्तार की तैयारी और समापन
संगठन के डिजिटल विस्तार के लिए जल्द ही स्वदेशी व्यापारी मंच की वेबसाइट और मोबाइल ऐप लॉन्च किए जाएंगे, जिनकी देखरेख स्वर्णिम भारतवर्ष फाउंडेशन द्वारा की जाएगी। कार्यक्रम के अंत में मध्य प्रदेश के संयोजक सतीश चंद्र विश्वकर्मा ने आभार व्यक्त किया। आयोजन को सफल बनाने में प्रांत संयोजक श्रीकांत बुधौलिया, शोभराज सुखवानी, सीमा भारद्वाज और अन्य कार्यकर्ताओं का अहम योगदान रहा।