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US Sanctions Bill: रूस, सऊदी या ईरान, दुनिया के सबसे ज्यादा देश किससे खरीदते हैं तेल? अमेरिका के बिल से उठा सवाल

September 17, 2026

US Sanctions Bill: रूस, सऊदी या ईरान, दुनिया के सबसे ज्यादा देश किससे खरीदते हैं तेल? अमेरिका के बिल से उठा सवाल

अमेरिकी कांग्रेस ने लिंडसे ग्राहम सैंक्शनिंग रशा एंड ईरान एक्ट ऑफ 2026 बिल पास किया है.

अमेरिकी कांग्रेस ने एक बिल को पास किया है. बिल ने ट्रंप को रूसी तेल और प्राकृतिक गैस के पांच सबसे बड़े आयातक देशों पर 100 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने का अधिकार दिया है. इन देशों में भारत भी शामिल है. इस बिल का नाम लिंडसे ग्राहम सैंक्शनिंग रशा एंड ईरान एक्ट ऑफ 2026 है. यह सीनेट में भारी बहुमत से पास हो चुका है. अब इसे राष्ट्रपति ट्रंप के पास मुहर के लिए भेजा जाएगा.

दिलचस्प बात है कि रूस के तेल का बाजार अब मुख्य रूप से एशिया की तरफ शिफ्ट हो चुका है. 2026 में भारत, चीन और तुर्की रूसी कच्चे तेल के तीन सबसे बड़े खरीदार बने रहे हैं, जहां भारत और चीन मिलकर रूस के कुल 57 लाख बैरल प्रतिदिन के निर्यात में से औसतन 29 लाख बैरल खरीद रहे हैं. इसका मतलब है कि रूस के तेल निर्यात का आधे से ज्यादा हिस्सा सिर्फ इन दो देशों में जा रहा है. अमेरिका का बिल इसी को रोकने की कोशिश में है. अमेरिकी सीनेटर्स का तर्क रहा है कि सस्ता रूसी तेल असल में पुतिन की युद्ध मशीनरी की फंडिंग कर रहा है. अब सवाल है कि दुनिया को सबसे ज्यादा तेल देने वाला कौन सा देश है? क्या उसमें रूस शामिल है?

दुनिया को सबसे ज्यादा तेल देने वाला देश कौन?

जब भी तेल से जुड़े देशों की बात होती है तो दो बातों को समझने की जरूरत है.

पहली, वो देश जो तेल का सबसे ज्यादा उत्पादन करते हैं. Worldometers की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका तेल उत्पादन के मामले में पहले पायदान पर है. अमेरिका एक दिन में 23,612,127 बैरल तेल का प्रोडक्शन करता है. वहीं दूसरे नम्बर पर सऊदी अरब, तीसरे पर रूस, चौथे पर कनाडा और पांचवे पर शी जिनपिंग का देश चीन है.

Top Oil Producer

दूसरी, वो देश जो दुनियाभर के देशों को तेल बेचलते हैं. यानी तेल के सबसे बड़े एक्सपोर्टर देश. सऊदी अरब ही वो देश है सबसे ज्यादा देशों को बेचता है. यानी तेल का सबसे बड़ा एक्सपोर्टर. वर्ल्ड पॉपुलेशन रिव्यू के आंकड़े बताते हैं कि सऊदी अरब एक दिन में 6 मिलियन बैरल तेल का निर्यात करता है. वहीं, रूस एक दिन में 4.5, अमेरिका 4.1, कनाडा 3.6 और संयुक्त अरब अमीरात 2.7 मिलियन बैरल तेल एक्सपोर्ट करता है.

Top Oil Exporter Country

सऊदी से कितने देश खरीदते हैं तेल?

OPEC के 2026 Annual Statistical Bulletin के आंकड़े बताते हैं कि सऊदी अरब से तेल खरीदने वाले सबसे ज्यादा देश एशिया और यूरोप से हैं. इनमें चीन, जापान, दक्षिण कोरिया, भारत, अमेरिका, सिंगापुर, ताइवान, थाईलैंड, फिलीपींस, वियतनाम और पोलैंड आदि शामिल हैं.

Russian Oil

डोनाल्ड ट्रंप.

अमेरिका में बिल ऐसे वक्त पर पास हुआ जब भारत और अमेरिका व्यापार समझौते की बातचीत कर रहे हैं. भारत ने रूस से तेल की खरीद और बढ़ाई है. इस पर भारत ने भी जवाब दिया है. विदेश मंत्रालय का कहना है कि इस पूरे मामले में हम नजर रख रहे हैं. हमारा देश 1.4 अरब लोगों की ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है.

भारत सरकार ने साफ किया है कि वह अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए अलग-अलग स्रोतों से खरीद जारी रखेगा और किसी एक देश या सप्लायर पर निर्भर नहीं रहेगा. विदेश मंत्रालय के मुताबिक, ऊर्जा आयात से जुड़े सभी फैसले बदलते अंतरराष्ट्रीय बाजार हालात को ध्यान में रखकर लिए जाएंगे. अमेरिकी प्रतिबंधों के संभावित असर को लेकर पिछले कुछ महीनों में भारत और अमेरिका के बीच कई उच्चस्तरीय बातचीत हो चुकी है. अब देखना है कि बिल का कितना असर तेल के व्यापार पर नजर आता है. फिलहाल भारत ने अपनी बात रखकर चीजें स्पष्ट कर दी हैं कि वो हालात के मुताबिक फैसले लेगा और तेल के एक सोर्स पर निर्भर नहीं रहेगा.

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अंकित गुप्ता

अंकित गुप्ता

नवाबों के शहर लखनऊ में जन्‍मा. डीएवी कॉलेज से ग्रेजुएशन किया और पंजाब टेक्निकल यूनिवर्सिटी से MBA. लिखने की चाहत और खबरों से आगे की कहानी जानने का जुनून पत्रकारिता में लाया. 2008 में लखनऊ के पहले हिन्‍दी टेबलॉयड ‘लखनऊ लीड’ से करियर से शुरुआत की. फीचर सेक्‍शन में हाथ आजमाया. फ‍िर बाबा गोरखनाथ के नगरी गोरखपुर से दैनिक जागरण के आइनेक्‍स्‍ट से जुड़ा. शहर की खबरों और हेल्‍थ मैगजीन में रिपोर्टिंग के लिए 2013 में राजस्‍थान पत्र‍िका के जयपुर हेडऑफ‍िस से जुड़ा. यहां करीब 5 साल बिताने के बाद डिजिटल की दुनिया में नई शुरुआत के लिए 2018 में दैनिक भास्‍कर के भोपाल हेड ऑफ‍िस पहुंचा. रिसर्च, एक्‍सप्‍लेनर, डाटा स्‍टोरी और इंफोग्राफ‍िक पर पकड़ बनाई. हेल्‍थ और साइंस की जटिल से जटिल खबरों को आसान शब्‍दों में समझाया. 2021 में दैनिक भास्‍कर को अलविदा कहकर TV9 ग्रुप के डिजिटल विंग से जुड़ा. फ‍िलहाल TV9 में रहते हुए बतौर असिस्‍टेंट न्‍यूज एडिटर ‘नॉलेज’ सेक्‍शन की कमान संभाल रहा हूं. एक्‍सप्‍लेनर, डाटा और रिसर्च स्‍टोरीज पर फोकस भी है और दिलचस्‍पी भी.

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