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हिंदी न्यूज़ऐस्ट्रोग्रह गोचरShukra Asta 2026: कल शुक्र होंगे अस्त, इन 4 राशियों के अगले 37 दिन गोल्डन पीरियड, धन-करियर में लाभ
Shukra Asta 2026: शुक्र 23 सितंबर को अस्त होंगे. एस्ट्रोलॉजर अनीष व्यास के अनुसार आने वाले 37 दिन 4 राशियों के लिए गोल्डन समय साबित होगा, देखें किन लकी राशियों को मिलेगा इसका लाभ.
Written By : जागृति सोनी बरसले | Updated at : 22 Sep 2026 07:01 PM (IST)

शुक्र अस्त 2026
Source : abplive
Shukra Asta 2026: शुक्र की चाल बदलने वाली है और इसका असर ज्योतिष के अनुसार प्रेम, रिश्तों से लेकर धन-दौलत और करियर तक देखने को मिल सकता है. 23 सितंबर 2026 को शुक्र तुला राशि में रहते हुए अस्त होंगे और करीब 37 दिनों बाद 30 अक्टूबर को उदय होंगे.
खास बात ये है कि इसी दौरान 3 अक्टूबर को शुक्र वक्री भी हो जाएंगे. शुक्र की ये विशेष स्थिति तुला, मकर, मिथुन और वृषभ राशि वालों के लिए सुनहरा मौका लेकर आ रही है. क्या लाभ होगा जान लें.
मकर राशि
मकर राशि के जातकों के लिए शुक्र का अस्त होना नौकरी में चल रही परेशानियों का अंत करने वाला साबित होगा. नई नौकरी के लिए बड़ी कंपनी से ऑफर आ सकते हैं. परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा, संतान को विदेश में पढ़ाई का मौका मिल सकता है. बिजनेस ट्रिप सक्सेसफुल रहेगी.
तुला राशि
तुला राशि के स्वामी भी शुक्र हैं, इसलिए इस राशि के लिए शुक्र की स्थिति महत्वपूर्ण मानी जाती है. इस अवधि में करियर में आगे बढ़ने और आर्थिक लाभ के अवसर मिल सकते हैं. नौकरी की तलाश कर रहे जातकों को नए विकल्प मिल सकते हैं, जबकि कामकाज में आपकी पहचान मजबूत हो सकती है. हालांकि बड़े आर्थिक फैसलों में जल्दबाजी से बचना और लाभ-हानि का आकलन करना जरूरी रहेगा.
मिथुन राशि
मिथुन राशि के जातकों के लिए शुक्र का अस्त होना करियर और धन से जुड़े मामलों में नए रास्ते खोल सकता है. नौकरी या कारोबार में नए विकल्प सामने आने के साथ अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल सकता है. कामकाज से जुड़े नेटवर्क आर्थिक तौर पर आपके काम आएंगे. किसी नए प्रोजेक्ट या बिजनेस नीति पर काम कर रहे हैं तो सोच समझकर आगे बढ़ना फायदेमंद रहेगा.
वृषभ राशि
शुक्र के अस्त होने के दौरान करियर और आर्थिक मामलों में नए अवसर सामने आ सकते हैं. नौकरीपेशा लोगों को आगे बढ़ने के मौके मिल सकते हैं. वहीं कारोबारियों को अपनी योजनाओं पर नए सिरे से काम करने का अवसर मिलेगा. आर्थिक फैसलों में बजट और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखना लाभकारी रहेगा.
FAQs
1. शुक्र अस्त होने से किन राशियों को लाभ हो सकता है?
ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार तुला, मकर, मिथुन और वृषभ राशि के जातकों को लाभ के अवसर मिल सकते हैं.
2. शुक्र अस्त के दौरान करियर में क्या बदलाव हो सकते हैं?
नौकरी और कारोबार में नए अवसर मिलने तथा करियर में आगे बढ़ने के योग बन सकते हैं.
3. शुक्र वक्री होने का इन राशियों पर क्या असर पड़ेगा?
शुक्र वक्री होने पर रुके हुए कामों की समीक्षा और करियर-आर्थिक फैसलों पर दोबारा विचार करने का अवसर मिल सकता है.
4. शुक्र अस्त के दौरान किन मामलों में सावधानी रखें?
बड़े आर्थिक फैसले जल्दबाजी में न लें और निवेश या कारोबार में लाभ-हानि का आकलन जरूर करें.
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Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

About the author जागृति सोनी बरसले
जागृति सोनी बरसले (Jagriti Soni Barsaley)
धर्म, ज्योतिष और भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं पर शोध आधारित लेखन करने वाली डिजिटल पत्रकार
जागृति सोनी बर्सले धर्म, ज्योतिष, वास्तु और भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं से जुड़े विषयों की अनुभवी डिजिटल पत्रकार और लेखिका हैं. उन्हें डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग 10 वर्षों का अनुभव है. वर्तमान में वह ABP Live (Abplive.com) में बतौर कंसल्टेंट कार्यरत हैं, जहां वह व्रत-त्योहार जैसे नवरात्रि, करवा चौथ, दिवाली, होली, एकादशी, प्रदोष व्रत, हरियाली तीज आदि, रमजान, धार्मिक मान्यताओं, ज्योतिषीय घटनाओं, शुभ मुहूर्त, वास्तु और फेंगशुई, पंचांग जैसे विषयों पर शोध आधारित और प्रमाणिक लेख लिखती हैं.
विशेषज्ञता (Expertise)
जागृति सोनी बर्सले विशेष रूप से इन विषयों पर लेखन करती हैं:
- व्रत-त्योहार और भारतीय धार्मिक परंपराएं
- वैदिक ज्योतिष और ग्रह-नक्षत्र आधारित घटनाएं
- शुभ मुहूर्त और धार्मिक विधि-विधान
- वास्तु शास्त्र और फेंगशुई
- आध्यात्मिक मान्यताएं और सांस्कृतिक परंपराएं
उनके लेखों में धार्मिक विषयों को केवल आस्था के दृष्टिकोण से नहीं बल्कि शास्त्रीय स्रोतों और प्रमाणिक ग्रंथों के आधार पर प्रस्तुत किया जाता है.
शिक्षा और पृष्ठभूमि
जागृति सोनी बर्सले ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से की है.
उन्होंने अपने करियर की शुरुआत दैनिक भास्कर डॉट कॉम से की, जहां डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने धर्म, समाज और संस्कृति से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर लेख लिखे.
डिजिटल मीडिया में काम करते हुए उन्होंने टेक्स्ट और वीडियो दोनों फॉर्मेट में काम किया है और वीडियो सेक्शन में सीनियर प्रोड्यूसर के रूप में भी लंबे समय तक योगदान दिया है. इस अनुभव ने उन्हें आधुनिक डिजिटल पत्रकारिता के विभिन्न फॉर्मेट को समझने और प्रभावी तरीके से प्रस्तुत करने की क्षमता दी है.
शास्त्रीय अध्ययन और शोध
जागृति सोनी बर्सले की विशेष रुचि धर्म और ज्योतिष के शास्त्रीय अध्ययन में है.
उन्हें प्राचीन धार्मिक ग्रंथों जैसे:
- धर्म सिंधु
- मुहूर्त चिंतामणि
- शकुन शास्त्र
- वास्तु
का अच्छा ज्ञान है. इन ग्रंथों के आधार पर वह व्रत-त्योहार, पूजा-विधि, ज्योतिषीय घटनाओं और मुहूर्त से जुड़े विषयों को सरल, प्रमाणिक और शोधपरक तरीके से पाठकों तक पहुंचाने का प्रयास करती हैं.
योगदान
जागृति सोनी बर्सले एक फ्रीलांस लेखक के रूप में भी कई मंचों पर आध्यात्म, भारतीय संस्कृति और ज्योतिष से जुड़े विषयों पर लेख लिख चुकी हैं.
उनका उद्देश्य धार्मिक और आध्यात्मिक विषयों को सरल भाषा में विश्वसनीय जानकारी के साथ प्रस्तुत करना है, ताकि पाठक इन विषयों को समझ सकें और सही जानकारी प्राप्त कर सकें.
व्यक्तिगत रुचियां
अध्यात्म और भारतीय परंपराओं के अध्ययन के प्रति उनकी गहरी रुचि है. खाली समय में उन्हें आध्यात्मिक और ज्ञानवर्धक पुस्तकें पढ़ना पसंद है. यह अध्ययन उनके लेखन को और अधिक गहन, तथ्यपूर्ण और संदर्भ आधारित बनाता है.
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Published at : 22 Sep 2026 03:17 PM (IST)
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