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भारत की सबसे बड़ी दवा कंपनी ने ट्रंप सरकार से कर ली डील, अमेरिकियों को मिलेंगी सस्ती दवाएं

September 2, 2026

भारत की सबसे बड़ी दवा कंपनी ने ट्रंप सरकार से कर ली डील, अमेरिकियों को मिलेंगी सस्ती दवाएं

Sep 02, 2026 01:17 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान, वाशिंगटन

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भारत की सबसे बड़ी दवा कंपनी सन फार्मा ने अमेरिकी सरकार से बड़ा समझौता किया है। इसके तहत US कार्यक्रमों को दवाएं Most Favoured Nation कीमत पर मिलेंगी। डील में कंपनी की भविष्य की इनोवेटिव दवाएं भी शामिल होंगी।

अमेरिका में दवा की कीमतों पर बड़ा फैसला, सन फार्मा ने US सरकार से मिलाया हाथ

अमेरिका में दवा की कीमतों पर बड़ा फैसला, सन फार्मा ने US सरकार से मिलाया हाथ

भारत की सबसे बड़ी दवा कंपनी सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज ने अमेरिका में दवाओं की कीमत कम करने की दिशा में बड़ा समझौता किया है। कंपनी ने अमेरिका की ट्रंप सरकार के साथ एक करार किया है, जिसके तहत वह अमेरिका के राज्य Medicaid कार्यक्रमों को दवाओं के लिए ‘मोस्ट फेवर्ड नेशन’ (MFN) प्राइसिंग उपलब्ध कराएगी। इसका मतलब है कि खरीदार को किसी दवा की उपलब्ध सबसे कम कीमत मिल सकेगी।

मुंबई मुख्यालय वाली सन फार्मा ने मंगलवार को नियामकीय फाइलिंग में इस समझौते की जानकारी दी। कंपनी ने कहा कि MFN प्राइसिंग की व्यवस्था अमेरिका में भविष्य में लॉन्च होने वाली उसकी नई इनोवेटिव दवाओं पर भी लागू होगी।

क्या है सन फार्मा और अमेरिका के बीच समझौता?

डील के तहत सन फार्मा अमेरिका के राज्य Medicaid कार्यक्रमों को MFN कीमतों पर दवाएं उपलब्ध कराएगी। MFN यानी ‘मोस्ट फेवर्ड नेशन’ कीमत के तहत किसी दवा के लिए खरीदार को सबसे कम संभव कीमत मिल सकती है। कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था उसकी भविष्य में अमेरिका में लॉन्च होने वाली इनोवेटिव दवाओं पर भी लागू होगी।

टैरिफ पर भी अमेरिका ने दी राहत

इस समझौते के तहत अमेरिका सरकार ने सन फार्मा के इनोवेटिव प्रोडक्ट्स पर सेक्शन 232 के तहत प्रस्तावित टैरिफ लगाने में दो साल से अधिक की देरी की है। रिपोर्ट के मुताबिक, यह फैसला अमेरिका में कंपनी के निवेश को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। हालांकि, सन फार्मा ने समझौते की अन्य विस्तृत शर्तों का खुलासा नहीं किया है।

सन फार्मा के नॉर्थ अमेरिका CEO रिक एस्क्रॉफ्ट ने व्हाइट हाउस में कंपनी का प्रतिनिधित्व किया। उन्होंने कहा कि अमेरिका कंपनी के लिए निवेश और विस्तार का एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है। यहां कंपनी क्लिनिकल डेवलपमेंट, बिक्री एवं मार्केटिंग के साथ-साथ एक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रीडिएंट (API) और तैयार दवाओं के निर्माण में निवेश कर रही है।

अमेरिका सन फार्मा का सबसे बड़ा इनोवेटिव मेडिसिन बाजार

अमेरिका सन फार्मा के इनोवेटिव मेडिसिन कारोबार का सबसे बड़ा बाजार बन चुका है। कंपनी के कुल वैश्विक राजस्व में अमेरिका की हिस्सेदारी करीब 27 फीसदी है। सन फार्मा पश्चिमी बाजारों में भी अपनी मौजूदगी बढ़ा रही है। इस साल की शुरुआत में कंपनी ने Organon & Co. को 11.75 अरब अमेरिकी डॉलर के एंटरप्राइज वैल्यू पर खरीदने के लिए निश्चित समझौता किया था।

कंपनी के मुताबिक, अमेरिका के डर्मेटोलॉजी सेगमेंट में प्रिस्क्रिप्शन के आधार पर वह दूसरे स्थान पर है। अब कंपनी इम्यूनोलॉजी, क्यूटेनियस ऑन्कोलॉजी और ऑप्थैल्मोलॉजी जैसे क्षेत्रों में भी विस्तार कर रही है। सन फार्मा के अनुसार, उसकी ग्लोबल इनोवेटिव मेडिसिन्स पोर्टफोलियो से होने वाली बिक्री अब कंपनी की कुल बिक्री का करीब 22 फीसदी है।

20 से ज्यादा दवा कंपनियों के साथ अमेरिका की डील

सन फार्मा और अमेरिकी सरकार के बीच हुआ यह समझौता दवाओं की कीमत कम करने के लिए अमेरिका की ओर से की गई कई डील्स में से एक है। अमेरिका ने प्रिस्क्रिप्शन दवाओं की लागत घटाने के उद्देश्य से 20 से अधिक फार्मास्युटिकल कंपनियों के साथ दवा कीमतों को लेकर समझौते किए हैं। रॉयटर्स के मुताबिक, अमेरिका में दवाओं की कीमतें अक्सर दूसरे विकसित देशों में मरीजों द्वारा चुकाई जाने वाली कीमतों की तुलना में करीब तीन गुना अधिक होती हैं।