Published: Wednesday, August 5, 2026, 20:00 [IST]
Jantar Mantar lathi-charge Victims Meet Rahul Gandhi: NEET Paper Leak को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर 20 जुलाई को हुए छात्र प्रदर्शन और कथित पुलिस कार्रवाई का मामला एक बार फिर राजनीतिक बहस का रूप ले रहा है। बुधवार (5 अगस्त) को कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने 10 जनपथ स्थित अपने आवास पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान राहुल गांधी ने अलग-अलग राज्यों से प्रदर्शन से जुड़े युवाओं से मुलाकात और बातचीत की।
मीडिया से रूबरू के वक्त सबसे ज्यादा चर्चा मुस्कान शर्मा की रही, जिन्होंने दावा किया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान एक पुरुष सुरक्षाकर्मी ने उनके साथ बल प्रयोग किया। मुस्कान ने सवाल उठाया कि मेरे कूल्हों पर डंडा मारने की कोशिश क्यों की? उधर, BJP सांसद संबित पात्रा ने राहुल गांधी पर इस मुद्दे का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया और कहा कि बच्चों के कंधों पर बंदूक रखकर राजनीति नहीं की जानी चाहिए। आइए विस्तार से जानते हैं कि क्या-क्या छात्रों ने कहा? सियासी पारा क्यों गरमाया?
राहुल गांधी ने अमित शाह को घेरा, पूछा- छात्रों पर पैलेट गन किसने चलवाई?
छात्रों से मुलाकात के बाद राहुल गांधी ने कहा कि उन्होंने युवा प्रदर्शनकारियों से खुलकर बातचीत की। उनके मुताबिक, छात्रों ने बताया कि प्रदर्शन के दौरान उन्हें पीटा गया, धमकाया गया और उनके साथ हिंसा की गई। राहुल गांधी ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग करना कोई अपराध नहीं है। उनके अनुसार, छात्र संविधान, शिक्षा व्यवस्था और देश के भविष्य के लिए आवाज उठा रहे थे, लेकिन उनके साथ हिंसक व्यवहार किया गया।
उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर, उन्हें इस कार्रवाई की जानकारी नहीं थी तो यह प्रशासनिक विफलता है और अगर जानकारी थी तो इसकी जिम्मेदारी भी उन्हीं की बनती है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान एक छात्रा को पैलेट गन से चोट लगी और इस पूरे घटनाक्रम पर सरकार को जवाब देना चाहिए।
Who Is Muskan Sharma: कौन हैं मुस्कान शर्मा?
जंतर-मंतर प्रदर्शन के बाद चर्चा में आईं मुस्कान शर्मा उन छात्राओं में शामिल थीं, जिन्होंने राहुल गांधी से मुलाकात की। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि वे 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन में शामिल थीं। मुस्कान का आरोप है कि जब वे बिना किसी हिंसा के प्रदर्शन कर रही थीं, तभी पुलिस ने उनके साथ बल प्रयोग किया।
उन्होंने सवाल उठाया, 'जब मैं शांति से चल रही थी तो पुलिस ने मुझे क्यों मारा? नियम है कि कोई पुरुष अधिकारी किसी महिला पर हाथ नहीं उठा सकता, फिर एक पुरुष RAF अधिकारी ने मुझे कैसे मारा? मेरे कूल्हों पर डंडा मारने की कोशिश क्यों की? किसके आदेश पर ऐसा किया गया?' उन्होंने कहा कि अगर जिस अधिकारी ने ऐसा करने का आदेश दिया था, वह माफी मांग ले, तो उन्हें संतोष होगा।
धर्म को लेकर भी दी सफाई
सोशल मीडिया पर मुस्कान शर्मा की पहचान को लेकर कई तरह की चर्चाएं चलने लगी थीं। इस पर उन्होंने खुद सामने आकर कहा कि उनका सरनेम शर्मा है और वे हिंदू हैं। उन्होंने कहा कि यह सफाई इसलिए दे रही हैं क्योंकि सोशल मीडिया पर कई लोग उन्हें मुस्लिम मानकर अपशब्द कह रहे हैं और ट्रोल कर रहे हैं। मुस्कान ने कहा कि किसी भी व्यक्ति के साथ उसके धर्म के आधार पर व्यवहार नहीं होना चाहिए और मुद्दा केवल पुलिस कार्रवाई का है।
फराह नाज ने भी लगाए गंभीर आरोप
उत्तर प्रदेश की रहने वाली फराह नाज, जो प्रदर्शन में शामिल थीं, उन्होंने भी पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। फराह के मुताबिक, 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के साथ मारपीट की। उन्होंने आरोप लगाया कि कई छात्रों को जबरन पुलिस वैन में बैठाकर ले जाया गया और करीब तीन घंटे तक हिरासत में रखा गया। फराह का दावा है कि हिरासत के दौरान कुछ पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारियों को 'देशद्रोही' कहा और उनके नाम अलग सूची में दर्ज करने की बात कही।
नूतन टोप्पो ने पैलेट गन से चोट लगने का दावा किया
झारखंड की छात्रा नूतन टोप्पो ने दावा किया कि प्रदर्शन के दौरान उन्होंने अपनी ओर पैलेट गन तानी हुई देखी। उनके अनुसार, जैसे ही उन्होंने पीछे मुड़कर देखा, फायर किया गया जिससे उन्हें चोट लगी। नूतन ने कहा कि चोट लगने के बावजूद वे अन्याय के खिलाफ आवाज उठाती रहेंगी।
रिया अहीर ने भी सुनाई अपनी कहानी
मुंबई से आईं रिया अहीर ने भी राहुल गांधी से मुलाकात की। रिया ने कहा कि वही युवती हैं जिसने मुंबई में पुलिस की वैन रोककर करीब 20 छात्रों को हिरासत में लिए जाने का विरोध किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि इसके बाद उन्हें लगातार ऑनलाइन और ऑफलाइन प्रताड़ित किया जा रहा है।
रिया ने कहा कि सोशल मीडिया पर उनके बारे में आपत्तिजनक और झूठे दावे किए गए। रिया अहीर ने कहा कि फेक नैरेटिव में चलाया जा रहा है कि 140 रूपए में मैं अपनी बॉडी बेच रही हूं। मैंने 27 जुलाई को पुलिस में शिकायत की थी, लेकिन आज 5 अगस्त है और अब तक FIR नहीं हुई है। हालांकि, मुझे खुशी है कि मैं जिन युवाओं के लिए खड़ी हुई, आज वे मेरे साथ खड़े हैं।
भाजपा ने राहुल गांधी पर साधा निशाना
राहुल गांधी की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद भाजपा सांसद संबित पात्रा ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी युवाओं के कंधों पर बंदूक रखकर राजनीति करने की कोशिश कर रहे हैं। संबित पात्रा ने कहा कि भाजपा पहले भी स्पष्ट कर चुकी है कि 20 जुलाई के प्रदर्शन के दौरान कोई गोली नहीं चली थी। उन्होंने राहुल गांधी से झारखंड के उन छात्रों से भी मिलने की अपील की जो वहां अलग-अलग मुद्दों पर आंदोलन कर रहे हैं।
मुस्कान शर्मा को लेकर भाजपा ने क्या कहा?
संबित पात्रा ने मुस्कान शर्मा का नाम लेते हुए कहा कि 'चाहे आप मुस्कान शर्मा हों या मुस्कान खान, आप इस देश की बेटी हैं।' उन्होंने कहा कि भाजपा किसी भी नागरिक के साथ धर्म के आधार पर भेदभाव में विश्वास नहीं करती और राहुल गांधी पर समाज को बांटने की राजनीति करने का आरोप लगाया।
क्या है पूरा विवाद?
20 जुलाई को विभिन्न राज्यों से आए छात्र और युवा कथित तौर पर शिक्षा व्यवस्था, नीट पेपर लीक, उस वक्त के शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे थे। प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव की खबरें सामने आईं। इसके बाद सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हुए, जिनमें पुलिस कार्रवाई को लेकर अलग-अलग दावे किए गए। कुछ प्रदर्शनकारियों ने लाठीचार्ज, हिरासत और मारपीट के आरोप लगाए, जबकि दिल्ली पुलिस और भाजपा ने कई आरोपों को खारिज किया है। अब राहुल गांधी द्वारा इन छात्रों से मुलाकात के बाद यह मुद्दा एक बार फिर राष्ट्रीय राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है।