Jamtara News: नगर पंचायत क्षेत्र के वार्ड संख्या 11 स्थित सहाना तालाब के जीर्णोद्धार कार्य में कथित अनियमितताओं की शिकायत मिली. जिसके बाद शुक्रवार को रांची से नगर विकास एवं आवास विभाग और राज्य शहरी विकास अभिकरण (सुडा) की संयुक्त उच्चस्तरीय टीम जामताड़ा पहुंची. टीम ने तालाब में कराए गए जीर्णोद्धार कार्य का स्थल निरीक्षण किया और निर्माण से जुड़े विभिन्न बिंदुओं की पड़ताल की. इस दौरान जामताड़ा नगर पंचायत की कार्यपालक पदाधिकारी सोमा खंडेत भी मौजूद रहीं.
मामला 15वें वित्त आयोग की राशि से सहाना तालाब में कराए गए जीर्णोद्धार कार्य से जुड़ा है. स्थानीय ग्रामीणों ने कार्य में कथित अनियमितताओं की शिकायत उच्च स्तर पर की थी. शिकायत में निर्माण कार्य की गुणवत्ता, स्वीकृत विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) के अनुरूप काम होने और निर्धारित तकनीकी मानकों के पालन पर सवाल उठाए गए थे.
इसे भी पढ़ें -


शिकायत के बाद जांच के लिए पहुंची टीम
ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए नगर विकास एवं आवास विभाग और सुडा की संयुक्त टीम ने स्थल पर पहुंचकर कार्यों का निरीक्षण किया. जांच के दौरान यह पड़ताल की गई कि तालाब का जीर्णोद्धार स्वीकृत डीपीआर और प्राक्कलन के अनुरूप कराया गया है या नहीं. इसके साथ ही निर्माण कार्य की गुणवत्ता और निर्धारित मानकों के अनुपालन से जुड़े पहलुओं की भी जांच की गई.
स्थानीय स्तर पर शिकायत उठने के बाद उच्चस्तरीय टीम के पहुंचने से जीर्णोद्धार कार्य को लेकर चर्चा तेज हो गई है. अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि स्थल निरीक्षण में किन बिंदुओं पर खामियां सामने आती हैं और जांच के बाद विभाग क्या कदम उठाता है.
कार्यपालक पदाधिकारी ने शिकायत की पुष्टि की
नगर पंचायत की कार्यपालक पदाधिकारी सोमा खंडेत ने बताया कि सहाना तालाब के जीर्णोद्धार कार्य को लेकर ग्रामीणों की ओर से उच्च स्तर पर शिकायत की गई थी. इसी शिकायत के आलोक में नगर विकास एवं आवास विभाग और सुडा की संयुक्त टीम जांच के लिए पहुंची है.
जांच रिपोर्ट से खुलेगा अनियमितताओं का राज
सहाना तालाब के जीर्णोद्धार कार्य को लेकर अब जांच रिपोर्ट का इंतजार है. फिलहाल कथित अनियमितताओं की पुष्टि नहीं हुई है और न ही जांच टीम की ओर से कोई अंतिम निष्कर्ष सार्वजनिक किया गया है. ऐसे में जांच रिपोर्ट से ही स्पष्ट हो सकेगा कि निर्माण कार्य में निर्धारित मानकों का पालन हुआ है या कहीं गड़बड़ी पाई गई है. यदि जांच में अनियमितताएं सामने आती हैं, तो संबंधित जिम्मेदारों पर कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठेंगे.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.