राजस्थान सरकार का जेन-जी वोटर्स पर फोकस बढ़ गया है। भजनलाल सरकार 'यूथ प्लान' बनाने जा रही है। 'यूथ प्लान' का एजेंडा युवाओं के सुझाव के अनुसार ही तैयार होगा।
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इस एजेंडे को आगामी बजट में शामिल करते हुए सरकार अलग से यूथ बजट पेश करेगी। प्रदेश के पहले यूथ बजट के लिए सरकार ने ऑनलाइन सुझाव मांगे हैं।
इसके लिए वित्त विभाग ने एक सर्कुलर जारी कर दिया है। एक्सपर्ट का मानना है कि यह पहल 2028 के विधानसभा चुनावों से पहले युवा मतदाताओं को लुभाने की रणनीति हो सकती है।
यूथ प्लान को इस तरह समझिए
- यूथ जॉब गारंटी ट्रैकर : सरकार भर्ती परीक्षाओं में देरी और गड़बड़ियों को कम करने के लिए आरपीएससी और राज्य कर्मचारी चयन बोर्ड के डिजिटल ट्रैकर पोर्टल को आधुनिक एडवांस फीचर्स से लैस किया जाएगा। इसमें हर सरकारी भर्ती की पूरी टाइमलाइन वैकेंसी, विज्ञापन, परीक्षा, रिजल्ट और नियुक्ति की तारीख दर्ज होगी।
- खाली पदों का भर्ती कैलेंडर : हर साल सरकारी विभागों की वास्तविक रिक्तियों का एकीकृत कैलेंडर जारी किया जाएगा। इससे युवाओं को पहले से नियुक्तियों की संभावित संख्या और भर्ती का रोडमैप पता रहेगा, जिससे वे तैयारी बेहतर तरीके से कर सकेंगे।
- प्रत्येक युवा की डिजिटल प्रोफाइल : 18 से 30 वर्ष के युवाओं की यूनिक डिजिटल प्रोफाइल तैयार की जाएगी। यूनिक डिजिटल प्रोफाइल तैयार करने की दिशा में सरकार काम कर रही है। इसमें शिक्षा, स्किल, अनुभव, नौकरी की तलाश, अप्रेंटिसशिप और संबंधित सरकारी योजनाओं की जानकारी एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होगी।
- 'पढ़ाई से उद्यमिता' पर फोकस : सरकार का फोकस युवाओं को केवल सरकारी नौकरी चाहने वाला नहीं, बल्कि रोजगार देने वाला बनाना है। इसके लिए सरकार एआई और टेक्नॉलोजी से जुड़े नए शैक्षणिक कोर्स शुरू कर सकती है। युवाओं के रोजगार का फोकस सरकारी नौकरियों और भर्ती परीक्षाओं से आगे बढ़ाकर कौशल प्रशिक्षण, उद्योगों से जुड़ाव, अप्रेंटिसशिप, निजी क्षेत्र में प्लेसमेंट, स्वरोजगार और उद्यमिता तक करने की योजना है।

प्रदेश में जेन-जी के लिए सरकार की प्रमुख योजनाएं
- मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना : राज्य सरकार ने 12 जनवरी 2026 को राष्ट्रीय युवा दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना की शुरुआत की। योजना के तहत प्रदेश के 12 वीं और 8वीं पास युवाओं के लिए मैन्युफैक्चरिंग के क्षेत्र में जैसे- विभिन्न पुर्जों को मशीनों और उपकरणों के लिए 7.5 लाख तक का लोन दिया जाता है।
- विश्वकर्मा युवा उद्यमी प्रोत्साहन योजना: उद्योग एवं वाणिज्य विभाग द्वारा शुरू की गई योजना के तहत युवाओं को नया व्यवसाय शुरू करने या पुराने उद्यम के विस्तार के लिए 2 करोड़ रुपये तक का व्यावसायिक ऋण मिलता है। ऋण पर 8 प्रतिशत तक का ब्याज अनुदान दिया जाता है।
- मुख्यमंत्री युवा सम्बल योजना: इसके तहत शिक्षित बेरोजगार युवाओं को बेरोजगारी भत्ता दिया जाता है। यह आर्थिक सहायता अधिकतम 2 वर्ष या नौकरी मिलने तक दी जाती है। योजना के तहत पात्र पुरुष युवाओं को 4,000 रुपए प्रति माह दिए जाते हैं। महिला, ट्रांसजेंडर व विशेष योग्यजन युवाओं को 4,500 रुपए प्रति माह का बेरोजगारी भत्ता 2 साल की अवधि के लिए दिया जाता है।
मुख्यमंत्री ने युवाओं से किया था संवाद
मुख्यमंत्री ने 17 सितंबर को मुख्यमंत्री निवास पर विकसित भारत जन सेवा अभियान के अंतर्गत यूथ बजट पर युवाओं से संवाद किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट में युवा रोजगार पर ध्यान दिया जाएगा। सरकार की कोशिश यह है कि प्रदेश का युवा सिर्फ नौकरी खोजने वाला नहीं बल्कि रोजगार देने वाला बने।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ढाई साल में 1 लाख 90 हजार पदों पर नियुक्तियां दी हैं। 1 लाख 20 हजार पदों पर भर्ती प्रक्रियाधीन है। वर्ष 2026 में सवा लाख पदों के लिए भर्ती कैलेंडर जारी किया गया है।
युवाओं ने रोजगार, शैक्षिक एवं तकनीकी ज्ञान, कौशल विकास, युवा कल्याण एवं युवाओं के सर्वांगीण विकास से जुड़े विषयों पर अपने अनुभव एवं सुझाव मुख्यमंत्री के साथ साझा किए।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 17 सितंबर को मुख्यमंत्री निवास पर युवाओं से संवाद किया।
तकनीकी कौशल के साथ स्वरोजगार पर ध्यान देंगे : गोदारा
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा का कहना है- राज्य सरकार तकनीकी कौशल के साथ-साथ स्वरोजगार पर ध्यान देगी। हम प्रदेश के यूथ को रोजगार देने वाला बनाना चाहते हैं।
युवाओं के सुझावों को आगामी बजट में शामिल किया जाएगा। नए युवा ही भारत को चौथी अर्थव्यवस्था से तीसरी अर्थव्यवस्था में ले जाएंगे। युवाओं का ध्यान रखना सरकार का काम है। युवाओं के साथ मिलकर सरकार विकसित राजस्थान के सपने का साकार करना चाहती है।
एक्सपर्ट बोले- सभी दलों ने बदली रणनीति
वरिष्ठ पत्रकार महेश चंद्र शर्मा का कहना है कि दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन के बाद से सभी दलों ने अपनी रणनीति बदली है। जब आरएसएस के मोहन भगवत ने इस पर प्रतिक्रिया दी तो भाजपा नेताओं का रवैया पूरी तरह बदल गया।
मोहन भागवत ने कहा था- युवाओं से संवाद करना जरूरी है। उन पर विचार नहीं थोपे जाएं। ऐसे में बीजेपी शासित राज्य जेन-जी को ध्यान में रखकर की योजनाएं और कार्यक्रम बना रहे हैं।