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रोक दिए गए हैं हवाई हमले… अब उनके पास केवल दो रास्ते, ईरान जंग पर ट्रंप का अगला कदम क्या?| Navbharat Live

July 26, 2026

रोक दिए गए हैं हवाई हमले… अब उनके पास केवल दो रास्ते, ईरान जंग पर ट्रंप का अगला कदम क्या?

  • Written By:

    अमन उपाध्याय

Updated On: Jul 26, 2026 | 08:23 AM IST

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सार

US Iran Airstrikes Stopped: अमेरिका ने ईरान पर जारी हवाई हमलों को फिलहाल रोक दिया है। 5 महीने से जारी संघर्ष के बीच अब कूटनीति के जरिए शांति की कोशिशें तेज हो गई हैं, लेकिन तनाव अब भी बरकरार है।

Airstrikes have been halted... now only two options remain; what is Trump's next move regarding the Iran conflict?

डोनाल्ड ट्रंप, फोटो (सो. सोशल मीडिया)

विस्तार

US Iran Airstrikes Stopped News In Hindi: मिडिल ईस्ट में पिछले पांच महीनों से जारी भीषण सैन्य संघर्ष के बीच एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। अमेरिकी सेना ने करीब दो सप्ताह तक चली भारी बमबारी के बाद ईरान पर अपने हवाई हमले को फिलहाल रोक दिया है।

यह ‘पॉज’ ऐसे समय में आया है जब मंगलवार को इस युद्ध को पूरे पांच महीने होने जा रहे हैं। हालांकि, यह अभी स्पष्ट नहीं है कि यह विराम किसी स्थायी समाधान की ओर इशारा है या फिर महज एक युद्धनीतिक पैंतरा।

कूटनीति की मेज पर समाधान की तलाश

वाशिंगटन से मिल रही रिपोर्टों के अनुसार, परदे के पीछे कूटनीतिक प्रयास तेज हो गए हैं। मध्यस्थता में जुटे अधिकारियों का मानना है कि हवाई हमलों का रुकना एक ‘सकारात्मक संकेत’ है। बातचीत का मुख्य केंद्र एक ‘अंतरिम संघर्ष विराम समझौते’ पर लौटना है।

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इस प्रस्तावित समझौते के तहत ईरान को Strait of Hormuz से जहाजों की आवाजाही को कम प्रतिबंधों के साथ संचालित करने की अनुमति दी जा सकती है। गौरतलब है कि दुनिया के कुल तेल व्यापार का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा इसी मार्ग से गुजरता है।

ईरान पर ट्रंप का क्या है अगला कदम?

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस संकट पर अपनी रणनीति स्पष्ट करते हुए कहा है कि उनके पास दो रास्ते हैं। पहला यह कि वे सैन्य कार्रवाई जारी रखें और ईरान को ‘एक-एक टुकड़े में’ तबाह कर दें और दूसरा यह कि बातचीत के जरिए समाधान निकालें।

ट्रंप ने संकेत दिया कि ईरान अब समझौते को लेकर पहले से अधिक गंभीर दिख रहा है। हालांकि, ट्रंप ने यह भी स्पष्ट किया कि वे किसी जल्दबाजी में नहीं हैं, भले ही नवंबर के मिड-टर्म चुनावों में गैस की बढ़ती कीमतों का असर रिपब्लिकन पार्टी पर पड़ सकता हो।

सऊदी और लाल सागर में बढ़ा तनाव

भले ही अमेरिका और ईरान के बीच हमलों पर विराम लगा हो, लेकिन क्षेत्र के अन्य हिस्सों में हिंसा जारी है। ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने शनिवार को सऊदी अरब पर मिसाइलों और ड्रोनों से हमला करने का दावा किया है।

विद्रोहियों का कहना है कि यह हमला रणनीतिक शहर होदेइदाह पर सऊदी एयरस्ट्राइक का प्रतिशोध है। हूतियों ने बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य को भी बंद करने की चेतावनी दी है, जो सऊदी तेल निर्यात के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

अमेरिकी हमलों से इजरायल ने दूरी बनाई

इस पूरे संघर्ष में इजरायल की भूमिका पर भी सबकी नजरें टिकी हैं। रोचक बात यह है कि फरवरी में अमेरिका के साथ युद्ध की शुरुआत करने के बावजूद, हालिया अमेरिकी हमलों से इजरायल ने दूरी बना रखी है। अगले सप्ताह इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू वाशिंगटन में ट्रंप से मुलाकात करने वाले हैं, जिसे इस युद्ध के भविष्य के लिए निर्णायक माना जा रहा है।

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विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ईरान ने कूटनीतिक संदेशों का सकारात्मक जवाब नहीं दिया, तो इजरायल की युद्ध में वापसी तनाव को और अधिक बढ़ा सकती है।

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