Aug 07, 2026 07:36 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान
मुख्य बातें
- आर्डी इंडस्ट्रीज के IPO पर 138 गुना से ज्यादा दांव लगा है
- आईपीओ में कंपनी के शेयर का दाम 53 रुपये है
- वहीं, ग्रे मार्केट में कंपनी के शेयर 15 रुपये के प्रीमियम पर कारोबार कर रहे हैं

आर्डी इंडस्ट्रीज के शेयर ग्रे मार्केट में 28 पर्सेंट से ज्यादा के प्रीमियम के साथ ट्रेड कर रहे हैं।
Ardee Industries IPO: आर्डी इंडस्ट्रीज के आईपीओ को लोगों से बंपर रिस्पॉन्स मिला है। कंपनी के आईपीओ पर 138 गुना से ज्यादा दांव लगा है। आर्डी इंडस्ट्रीज के शेयर ग्रे मार्केट में भी दहाड़ रहे हैं। कंपनी के शेयर ग्रे मार्केट में 28 पर्सेंट से ज्यादा के प्रीमियम के साथ कारोबार कर रहे हैं। आर्डी इंडस्ट्रीज के शेयरों का मौजूदा ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) जबरदस्त लिस्टिंग का इशारा कर रहा है। कंपनी के शेयर बुधवार 12 अगस्त को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर लिस्ट होंगे।
53 रुपये शेयर का दाम, 15 रुपये पहुंच गया GMP
IPO में आर्डी इंडस्ट्रीज के शेयरों का दाम 53 रुपये है। कंपनी के शेयर ग्रे मार्केट में 15 रुपये के प्रीमियम के साथ ट्रेड कर रहे हैं। अगर मौजूदा ग्रे मार्केट प्रीमियम के हिसाब से देखें तो आर्डी इंडस्ट्रीज के शेयर 68 रुपये के करीब बाजार में लिस्ट हो सकते हैं। आईपीओ में जिन निवेशकों को आर्डी इंडस्ट्रीज के शेयर अलॉट होंगे, वह लिस्टिंग वाले दिन 28 पर्सेंट से ज्यादा के फायदे की उम्मीद कर सकते हैं। कंपनी के आईपीओ का टोटल साइज 426 करोड़ रुपये तक का था। आर्डी इंडस्ट्रीज के आईपीओ(Ardee Industries IPO) में शेयरों का अलॉटमेंट सोमवार 10 अगस्त तक फाइनल होगा।
138 गुना से ज्यादा सब्सक्राइब हुआ है कंपनी का आईपीओ
आर्डी इंडस्ट्रीज का आईपीओ(Ardee Industries IPO) टोटल 138.83 गुना सब्सक्राइब हुआ है। कंपनी के आईपीओ में रिटेल इनवेस्टर्स कैटेगरी में 47.77 गुना दांव लगा है। वहीं, गैर संस्थागत निवेशकों (नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स या NII) का कोटा 266.75 गुना सब्सक्राइब हुआ है। कंपनी के आईपीओ में क्वॉलीफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) कैटेगरी में 202.26 गुना सब्सक्रिप्शन मिला। आर्डी इंडस्ट्रीज के आईपीओ में आम निवेशक कम से कम 1 लॉट और अधिकतम 13 लॉट के लिए दांव लगा सकते थे। आईपीओ के एक लॉट में 281 शेयर थे। यानी, एक लॉट के लिए आम निवेशकों को 14,893 रुपये का निवेश करना पड़ा।
क्या करती है आर्डी इंडस्ट्रीज?
आर्डी इंडस्ट्रीज (Ardee Industries) की शुरुआत साल 1993 में हुई है। कंपनी का फोकस इंड-ऑफ-लाइफ एनर्जी स्टोरेज प्रॉडक्ट्स और नॉन-फेरस स्क्रैप की सस्टेनेबल रिकवरी और रिसाइक्लिंग पर है। कंपनी की प्रॉडक्ट रेंज में हाई-प्योरिटी लेड और लेड कैल्शियम, लेड एंटीमनी, लेड टिन, लेड सिल्वर और लेड कैल्शियम एलॉय जैसी स्पेशलाइज्ड लेड एलॉय शामिल हैं। इन प्रॉडक्ट्स का इस्तेमाल एनर्जी स्टोरेज, ई-मोबिलिटी, ऑटोमोटिव और केमिकल्स इंडस्ट्रीज में किया जाता है। 31 मार्च 2025 तक के डेटा के मुताबिक, आर्डी इंडस्ट्रीज ने घरेलू और इंटरनेशनल मार्केट्स में 50 से ज्यादा कस्टमर्स को अपनी सर्विसेज उपलब्ध कराई हैं। कंपनी ने सिंगापुर, हांगकांग, साउथ कोरिया, स्विटजरलैंड, युनाइटेड अरब अमीरात, जापान और युनाइटेड स्टेट्स ऑफ अमेरिका को अपने प्रॉडक्ट्स का एक्सपोर्ट किया है।
IPO से जुटाए पैसों का क्या करेगी कंपनी
आईपीओ से जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल आर्डी इंडस्ट्रीज (Ardee Industries) इंक्रीमेंटल वर्किंग कैपिटल से जुड़ी जरूरतों को पूरा करने, अपनी उधारी का कुछ हिस्सा चुकाने और जनरल कॉरपोरेट पर्पज में करेगी। आईपीओ से पहले कंपनी में प्रमोटर और प्रमोटर ग्रुप की 91.48 पर्सेंट हिस्सेदारी थी, जो कि अब 67.62 पर्सेंट रह जाएगी। संदीप अग्रवाल, निकुंज अग्रवाल और ईशा गुप्ता कंपनी के प्रमोटर्स हैं।
लेखक के बारे में
Vishnu Soni
विष्णु सोनी लाइव हिन्दुस्तान में बिजनेस, गैजेट्स और ऑटो सेक्शन संभाल रहे हैं। वह दिसंबर 2020 से लाइव हिन्दुस्तान के साथ हैं। वह शेयर बाजार, कॉरपोरेट, पर्सनल फाइनेंस, गैजेट्स और ऑटो की खबरें लिखते हैं। गैजेट्स और ऑटो रिव्यू में भी इनकी दिलचस्पी है। बिजनेस से जुड़ी खबरों में विष्णु हमेशा इस बात पर फोकस करते हैं कि वह पाठकों के 'काम की बात' वाला एंगल प्रमुखता से खबर में ला सकें, ताकि उनकी वित्तीय जागरूकता बढ़े। बिजनेस से जुड़ी खबरों में भाषा की सरलता और सहजता पर भी विष्णु का ध्यान हमेशा रहा है।
पत्रकारिता में विष्णु को 20 साल पूरे होने को हैं। विष्णु के करियर का ज्यादातर हिस्सा बिजनेस जर्नलिज्म से जुड़ा रहा है। वह दैनिक भास्कर, इकनॉमिक टाइम्स-हिंदी, अमर उजाला, नेटवर्क-18 और नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। विष्णु ने पत्रकारिता की पढ़ाई इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मॉस कम्युनिकेशन (IIMC), दिल्ली से की है। विष्णु, इलाहाबाद विश्वविद्यालय के गोल्ड मेडलिस्ट हैं। GST को लेकर बनाए गए विष्णु के एक वीडियो को अवॉर्ड भी मिल चुका है। कुकिंग, ट्रेवलिंग, क्रिकेट देखने और खेलने में इनको मजा आता है। अपने वक्त का एक हिस्सा विष्णु ऐसे शेयरों को 'खोजने' में लगाते हैं, जो कि आगे चलकर अच्छा रिटर्न दें।
और पढ़ें