Aug 02, 2026 10:06 am ISTलाइव हिन्दुस्तान
रेल मंत्रालय के अनुसार, इस परियोजना को तीन प्रमुख भागों में विभाजित किया गया है। दानापुर से पटना के बीच तीसरी और चौथी रेलवे लाइन बिछाई जाएगी। राजेंद्र नगर से पटना साहिब तक एक अतिरिक्त तीसरी रेलवे लाइन का निर्माण होगा।

भारतीय रेल।
भारतीय रेल (Indian Railway) ने अपने सबसे व्यस्त दिल्ली-हावड़ा रूट पर ट्रेनों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए बिहार में 976 करोड़ रुपये की एक नई रेल लाइन परियोजना को मंजूरी दी है। पूर्व मध्य रेल (ECR) के अधिकार क्षेत्र में आने वाले दानापुर से फतुहा के बीच 29 किलोमीटर लंबे रेल खंड पर नई लाइनें बिछाई जाएंगी। यह खंड पटना रेल कॉरिडोर का एक बेहद महत्वपूर्ण हिस्सा है।
रेल मंत्रालय के अनुसार, इस परियोजना को तीन प्रमुख भागों में विभाजित किया गया है। दानापुर से पटना के बीच तीसरी और चौथी रेलवे लाइन बिछाई जाएगी। राजेंद्र नगर से पटना साहिब तक एक अतिरिक्त तीसरी रेलवे लाइन का निर्माण होगा। पटना साहिब से फतुहा तक तीसरी और चौथी रेलवे लाइन बिछाई जाएगी। इन अतिरिक्त पटरियों के बिछने से पटना क्षेत्र में रेल नेटवर्क पर दबाव और भीड़भाड़ कम होगी, ट्रेनों के परिचालन में होने वाली देरी न्यूनतम होगी और समय में बड़ा सुधार होगा।
दिल्ली-हावड़ा मार्ग पर बढ़ेंगी 40 ट्रेनें
यह नई परियोजना दिल्ली-दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन-पटना-कीउल-भागलपुर-खाना-हावड़ा मार्ग के चल रहे चौड़ीकरण परियोजना का हिस्सा है। रेलवे के अनुसार, पहले वर्ष में ही इस परियोजना से अतिरिक्त 22 पैसेंजर ट्रेनें प्रतिदिन चलाई जा सकेंगी। इनके अलावा 18 मालगाड़ियों को भी प्रतिदिन जगह मिलेगी।
यह परियोजना भारतीय रेल के ऊर्जा, खनिज और सीमेंट कॉरिडोर के अंतर्गत आती है। परियोजना के पूरा होने पर इस रूट की माल ढुलाई क्षमता में प्रति वर्ष 52 लाख टन का इजाफा होगा। यह मजबूत रेल नेटवर्क बक्सर जिले के चौसा में निर्माणाधीन 2120 मेगावाट के थर्मल पावर प्लांट के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा, क्योंकि यह प्लांट कोयले और अन्य भारी कच्चे माल की आपूर्ति के लिए पूरी तरह रेल परिवहन पर निर्भर रहेगा।
कश्मीर में फंसे यात्रियों के लिए विशेष ट्रेन चलाई गई
उत्तर रेलवे ने शनिवार को जम्मू कश्मीर में तीन विशेष रेलगाड़ियां चलाईं और जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग के 24 घंटे से अधिक समय तक बंद रहने के कारण फंसे लगभग 2,200 यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने में मदद की। जम्मू के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक उचित सिंघल ने बताया कि यात्रियों की सुविधा के लिए दो विशेष रेलगाड़ियां बडगाम और श्री माता वैष्णो देवी (एसएमवीडी) रेलवे स्टेशन, कटरा के बीच दोनों दिशाओं में चलाई गईं, जबकि एक रेलगाड़ी बनिहाल और एसएमवीडी कटरा स्टेशन के बीच संचालित की गई।
जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग करीब 250 किलोमीटर लंबा है और यह कश्मीर को देश के बाकी हिस्सों से जोड़ने वाला एकमात्र बाराहमासी सड़क मार्ग है। भारी बारिश के कारण उधमपुर जिले के समरोली और रामबन जिले के गंगरू इलाके में सड़क के हिस्सों को हुए व्यापक नुकसान के बाद मरम्मत कार्य के लिए शुक्रवार तड़के इस राजमार्ग पर वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई थी।
