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राजस्थान में 11.57 करोड़ पेड़ लगाने का दावा, लेकिन 15 प्रतिशत का ही सत्यपान

August 10, 2026

राजस्थान सरकार ने वर्ष 2025-26 में 11.57 करोड़ पौधे लगाने का दावा किया, जो कि सिर्फ पेपरों में ही दिखाई दिया. जांच करने के लिए जब जियो टैगिंग की गई तो सत्यापन में केवल सिर्फ 1.69 करोड़ पौधों की ही पुष्टि हो सकी.

राजस्थान सरकार ने वर्ष 2025-26 में 11.57 करोड़ पौधे लगाने का दावा किया, जो कि सिर्फ पेपरों में ही दिखाई दिया. जांच करने के लिए जब जियो टैगिंग की गई तो सत्यापन में केवल सिर्फ 1.69 करोड़ पौधों की ही पुष्टि हो सकी.

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Rajasthan Forest Department: राजस्थान सरकार ने वर्ष 2025-26 में 11.57 करोड़ पौधे लगाने का दावा किया, जो कि सिर्फ पेपरों में ही दिखाई दिया. इसकी जमीनी हकीकत तो कुछ और ही निकली. जांच करने के लिए जब जियो टैगिंग की गई तो सत्यापन में केवल सिर्फ 1.69 करोड़ पौधों की ही पुष्टि हो सकी. यानी कि सरकार अपने दावे का 14.61% प्रतिशत ही काम कर सकी, बाकि 85 प्रतिशत से अधिक पौधों का कोई पुख्ता रिकॉर्ड भी नहीं है. सरकार ने पौधारोपण और पौधों की देखभाल के नाम पर 127.78 करोड़ रुपये खर्च किए गए, जिस पर अब बड़े सवाल खड़े हो रहे हैं. ऐसे में सवाल ये उठाता है कि सरकार की तरफ से जो हरियाली दिखाई जा रही है क्या वो सिर्फ आंकड़ों में ही दिखाई जा रही है? 

सत्यापित पौधों में से 1.36 करोड़ ही जीवित

सरकार ने जो 1.69 करोड़ पौधों लगाए, उनकी देखभाल भी सहीं से नहीं की गई. क्योंकि सत्यापित पौधों में से करीब 1.36 करोड़ पौधे ही जीवित पाए गए, जिससे सत्यापित पौधों का जीवित रहने का प्रतिशतत 80.83 रहा. आपको बता दें कि यह जानकारी सोमवार को लोकसभा में सीकर सांसद अमराराम के प्रश्न के लिखित जवाब में पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन के मंत्रालय के राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह की ओर से पेश आंकड़ों में सामने आई. 

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पौधारोपण और रखरखाव पर खर्च 127.78 करोड़ रुपये

आंकड़ों के मुताबिक पौधारोप और उसके वास्तविक सत्यापन के बीच बड़ा अंतर पाया गया. ऐसे कई विभाग है, जिन्होंने लाखों की संख्या में पौधे लगाने का दावा किया, लेकिन जमीनी हकीकत ही कुछ और निकली. पौधों का बहुत कम हिस्सा ही जियो टैगिंग के जरिए सत्यापित हो सका. सरकार ने लोकसभा में बताया कि वर्ष 2025-26 के दौरान वन विभाग ने पौधारोपण और रखरखाव पर 127.78 करोड़ रुपये खर्च किए. 

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शिक्षा विभाग द्वारा लगाए गए पौधे में 28.63 लाख का सत्यपान

 सबसे अधिक 4.03 करोड़ पौधे शिक्षा विभाग ने लगाए, जिनमें से केवल 28.63 लाख पौधों का सत्यपान हुआ. यानी कि पौधारोपण का लगभग 7 फीसदी ही सिर्फ जांच के दायरे में आया. सत्यापित पौधों में 75.52 फीसदी पौधे ही जीवित पाए गए. वहीं, बात अगर वन विभाग की करें तो वन विभाग ने 2.03 करोड़ पौधे लगाए, लेकिन 95.42 लाख पौधों का ही सत्यापन कराया. सत्यापित पौधों में से 87.58 फीसदी पौधे ही जीवित मिले. 

विभागलगाए गए पौधेसत्यापित
शिक्षा4.03 करोड़28.63 लाख
वन विभाग2.03 करोड़95.42 लाख
ग्राम पंचायत (वीबी-जी)1.90 करोड़20.74 लाख
पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास59.34 लाख4.33 लाख
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड56.34 लाख64,838
वाटरशेड एवं मृदा संरक्षण34.27 लाख35,420
कृषि विभाग14.19 लाख1.18 लाख
पीडब्ल्यूडी13.38 लाख62,168
उद्योग विभाग1.66 लाख2,342
खेल एवं युवा मामले विभाग1.10 लाख361
तकनीकी शिक्षा विभाग17,01930
पर्यटन विभाग14,394500
सामान्य प्रशासन विभाग5,97762
वित्त विभाग5,308156
विवरणसंख्या / प्रतिशत
कुल जियो टैग पौधे11,57,72,615
कुल सत्यापित1,69,35,195
जीवित पौधे1,36,88,769
मृत पौधे32,46,426
जीवित रहने की दर80.83%

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