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इसरो ने जम्मू-कश्मीर में उपग्रह आधारित आपदा प्रबंधन का विस्तार किया: केंद्रीय मंत्री

August 6, 2026

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इसरो ने जम्मू-कश्मीर में उपग्रह आधारित आपदा प्रबंधन का विस्तार किया: केंद्रीय मंत्री

इसरो ने जम्मू-कश्मीर में उपग्रह आधारित आपदा प्रबंधन का विस्तार किया: केंद्रीय मंत्री

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भारतीय संसद के उच्च सदन में गुरुवार को बताया गया कि भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने जम्मू और कश्मीर में आपदा प्रबंधन सहित उपग्रह-आधारित और अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी अनुप्रयोगों की एक श्रृंखला को लागू किया है।

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प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने एक सवाल के लिखित जवाब में कहा कि जम्मू-कश्मीर में 12 कार्यरत संचार उपग्रहों की कवरेज है।उन्होंने आगे कहा यह क्षमता सेवा प्रदाताओं को केंद्र शासित प्रदेश में दूरसंचार और ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी को समर्थन और बढ़ावा देने के लिए उपलब्ध कराई गई है।बता दें कि इसरो ने जम्मू के केंद्रीय विश्वविद्यालय में अंतरिक्ष शिक्षा और अनुसंधान के लिए सतीश धवन अंतरिक्ष विज्ञान केंद्र की स्थापना की है।

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इसरो ने जम्मू-कश्मीर में उपग्रह आधारित आपदा प्रबंधन का विस्तार किया: केंद्रीय मंत्री

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सत्येन्द्र प्रताप सिंह

भारतीय संसद के उच्च सदन में गुरुवार को बताया गया कि भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने जम्मू और कश्मीर में भूस्खलन की चेतावनी, आपदा प्रबंधन और विकेंद्रीकृत योजना सहित उपग्रह-आधारित और अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी अनुप्रयोगों की एक श्रृंखला को लागू किया है।

प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने एक सवाल के लिखित जवाब में कहा कि जम्मू-कश्मीर में 12 कार्यरत संचार उपग्रहों की कवरेज है।

उन्होंने आगे कहा यह क्षमता सेवा प्रदाताओं को केंद्र शासित प्रदेश में दूरसंचार और ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी को समर्थन और बढ़ावा देने के लिए उपलब्ध कराई गई है।

केंद्रीय मंत्री ने रेखांकित किया कि प्रमुख पहलों में से एक है - इसरो के आपदा प्रबंधन सहायता कार्यक्रम के अंतर्गत उपग्रह एकीकृत भूस्खलन मूल्यांकन और चेतावनी प्रणाली (SILAAS), जिसका उपयोग भूस्खलन का मानचित्रण करने और ग्राम स्तर पर अलर्ट जारी करने के लिए किया जा रहा है।

बता दें कि इसरो ने जम्मू के केंद्रीय विश्वविद्यालय में अंतरिक्ष शिक्षा और अनुसंधान के लिए सतीश धवन अंतरिक्ष विज्ञान केंद्र की स्थापना की है।

This undated photo provided by Roscosmos shows the International Space Station. On Monday, Oct. 9, 2023, the Russian space agency said there was a leak in a backup coolant line for a new science lab at the station, but the crew and station aren't in danger - Sputnik भारत, 1920, 28.07.2026

28 जुलाई , 18:18