world-news

PM मोदी, राहुल गांधी या अभिजीत दीपके? युवाओं की पहली पसंद कौन, C-Voter सर्वे में सामने आए चौंकाने वाले आंकड़े

August 7, 2026

Time Published: Friday, August 7, 2026, 20:44 [IST]

देशभर में पेपर लीक को लेकर हुए छात्र आंदोलन और शिक्षा सुधार की बहस के बीच C-Voter ने एक बड़ा सर्वे जारी किया है। इस सर्वे में लोगों से पूछा गया कि सरकार को सबसे पहले कौन-सा कदम उठाना चाहिए था, पेपर लीक रोकने के लिए किए गए फैसलों से वे कितने संतुष्ट हैं और युवाओं के बीच सबसे लोकप्रिय नेता कौन है।

दिलचस्प बात यह रही कि आंदोलन के बाद भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी युवाओं की पहली पसंद बने हुए हैं, जबकि राहुल गांधी दूसरे और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके तीसरे स्थान पर रहे।

PM Modi Rahul Gandhi Abhijeet Dipke C-Voter survey Youth popularity paper leak

युवाओं की पहली पसंद कौन निकला?

सर्वे का सबसे चर्चित सवाल युवाओं की पसंद को लेकर था। लोगों से पूछा गया कि आज के समय में युवाओं के बीच सबसे लोकप्रिय नेता कौन है। आंकड़ों के मुताबिक 39.8 फीसदी लोगों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सबसे लोकप्रिय नेता बताया।

राहुल गांधी को 27.9 फीसदी लोगों का समर्थन मिला और वे दूसरे स्थान पर रहे। वहीं अभिजीत दीपके को 12.6 फीसदी लोगों ने अपनी पसंद बताया। इसी के साथ वे इस सूची में तीसरे नंबर पर रहे।

शिक्षा सुधार पर लोगों की सबसे बड़ी मांग क्या रही?

सी-वोटर ने लोगों से पूछा कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए सरकार की पहली प्राथमिकता क्या होनी चाहिए थी। सबसे ज्यादा 31.7 फीसदी लोगों ने कहा कि सख्त एंटी पेपर लीक कानून सबसे जरूरी था।

इसके बाद 27.2 फीसदी लोगों ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे को जरूरी बताया। 16.7 फीसदी ने एक्सपर्ट पैनल बनाने का समर्थन किया। 11.9 फीसदी लोगों ने NTA में बड़े बदलाव की जरूरत बताई। वहीं 6.9 फीसदी ने दूसरे सुधारों की बात कही, जबकि 5.7 फीसदी लोग कोई राय नहीं दे सके।

सरकार के कदमों से लोग कितने खुश हैं?

सर्वे में यह भी जानने की कोशिश हुई कि पेपर लीक रोकने के लिए सरकार ने जो कदम उठाए, उन पर जनता की क्या राय है। सरकार शिक्षा मंत्री का इस्तीफा ले चुकी है। पेपर लीक कानून में संशोधन किया गया है और परीक्षा सुधार के लिए एक्सपर्ट पैनल भी बनाया गया है।

इसके बावजूद सर्वे में 50.7 फीसदी लोगों ने कहा कि वे सरकार के कदमों से संतुष्ट नहीं हैं। वहीं 33.2 फीसदी लोगों ने सरकार की कार्रवाई पर भरोसा जताया। 16.1 फीसदी लोगों ने इस सवाल पर कोई स्पष्ट राय नहीं दी।

छात्र आंदोलन के बाद क्यों चर्चा में आया सर्वे?

यह सर्वे ऐसे समय सामने आया है जब NEET-UG पेपर लीक को लेकर देशभर में छात्र आंदोलन हुआ था। दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP के नेतृत्व में प्रदर्शन हुए थे। इस आंदोलन के बाद शिक्षा सुधार, परीक्षा प्रणाली और सरकार की जवाबदेही पर लगातार बहस चल रही है।

ऐसे माहौल में C-Voter के ये आंकड़े यह दिखाने की कोशिश करते हैं कि जनता किन मुद्दों को सबसे ज्यादा अहम मान रही है और युवाओं की राजनीतिक पसंद किस दिशा में है।