कुरुक्षेत्र में पति की हत्यरोपी पत्नी विमला का पहले कुरुक्षेत्र में इलाज चल रहा था। अब उसे चंडीगढ़ रेफर किया गया है।
कुरुक्षेत्र में पति को सीने से प्राइवेट पार्ट तक काटने के मामले में एक और खुलासा हुआ है। विमला ने राजेश की सिर्फ आंतें ही बोरी में नहीं भरी थीं, बल्कि जांच में सामने आया है कि उसके लीवर का एक हिस्सा और किडनी भी बोरी में थीं। राजेश के ऑर्गन्स को जांच
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लोकनायक जयप्रकाश सिविल अस्पताल में इलाज के दौरान विमला मैथिली भाषा में बात कर रही थी। उसकी बात समझने में डॉक्टरों को परेशानी हो रही थी। इलाज के लिए अस्पताल आई एक महिला विमला की भाषा समझती थी। उसने विमला की बात डॉक्टरों को बताई।
उस महिला ने यह भी बताया कि विमला अपने पति राजेश को अपना चचेरा भाई बता रही थी। इससे पहले विमला ने कहा था कि उसके सिर पर काली माता आई थीं। आत्मा ने उसे छत से नीचे धक्का दे दिया था।

जमीन पर पड़ा राजेश का शव। पास में पड़ा प्लास्टिक का कट्टा और चाकू। विमला ने राजेश की आंतें निकालकर इसी कट्टे में भरी थीं।
एक साल से कुरुक्षेत्र में रह रहा था राजेश
यूपी के सीतापुर का रहने वाला राजेश (40) पिछले एक साल से कुरुक्षेत्र के पिहोवा रोड पर किराए के मकान में रह रहा था। वह पास ही एक आरओ प्लांट में काम करता था। विमला उसकी तीसरी पत्नी थी। पहले दो पत्नियों से तलाक के बाद उसने विमला से लव मैरिज की थी।
21 अगस्त को पत्नी ने हत्या कर ऑर्गन निकाले
21 अगस्त को विमला ने राजेश की हत्या कर दी। वह करीब 3 से 4 घंटे तक उसके शव के पास ही बैठी रही। शाम करीब 4 से 5 बजे मकान मालिक रिंकू राजेश के कमरे में पहुंचा। उस समय विमला राजेश के पेट से आंतें निकाल रही थी। मकान मालिक को देखते ही विमला ने छत से छलांग लगा दी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।
हत्या करने के लिए तीन चाकुओं का इस्तेमाल
विमला ने राजेश के शरीर को काटने के लिए तीन चाकुओं का इस्तेमाल किया। उसके पेट पर करीब 37 सेंटीमीटर लंबा और साढ़े 3 सेंटीमीटर चौड़ा गहरा चीरा लगा था। नीचे प्राइवेट पार्ट की तरफ भी दो कट के निशान थे। इन कट के निशान से तीर जैसा पैटर्न बना हुआ था।

डॉक्टर बोले- शुरुआत में हालत ज्यादा खराब थी
LNJP अस्पताल में विमला का इलाज कर रहे डॉक्टर गुंजन उपाध्याय ने बताया था कि कि अस्पताल में भर्ती होने के समय उसकी हालत काफी खराब थी। वह आक्रामक व्यवहार कर रही थी और खाना-पीना भी नहीं ले रही थी। उसकी भाषा स्थानीय होने के कारण बातचीत समझने में कुछ परेशानी होती थी।

केयूके थाना SHO सुरेंद्र सिद्धू।
SHO बोले- ऑर्गन जांच के लिए भेजे
केयूके थाना के SHO सुरेंद्र सिद्धू ने बताया कि आरोपी महिला ने प्लास्टिक की बोरी में आंतों के साथ शरीर के अन्य अंग भी रखे थे। पुलिस ने इन अंगों को बरामद कर जांच के लिए लैब भेज दिया है। अभी रिपोर्ट नहीं आई है। रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी कि राजेश को कोई नशीला पदार्थ दिया गया था या नहीं।