world-news

'ये यौन उत्पीड़न के बराबर', NTR संग डीपफेक AI वीडियो पर बोलीं जाह्नवी कपूर, पैपराजी को भी घेरा

October 4, 2026

जाह्नवी कपूर अक्सर ट्रोल्स का शिकार बन जाती हैं. कभी उनकी एक्टिंग पर सवाल उठते हैं, तो कभी उनका AI वीडियो वायरल किया जाता है. कुछ साल पहले उन्होंने जूनियर एनटीआर की देवरा फिल्म से तेलुगू डेब्यू किया था. इसका एक गाना चुट्टामल्ले काफी सुना गया. मगर हाल ही में इसी गाने का एक AI वर्जन वायरल हुआ, जिसमें जाह्नवी और जूनियर एनटीआर को लेकर एक डीपफेक वीडियो बनाया गया. 

चुट्टामल्ले गाने से वायरल हुआ AI वीडियो जूनियर एनटीआर के पास भी पहुंचा, और उन्होंने ऐसा करने वालों को कड़ी चेतावनी दी. एक्टर ने कहा कि वो पूरी कोशिश करेंगे कि इसके खिलाफ सही कानूनी कार्रवाई हो. इसके बाद एक्टर चिरंजीवी, विजय देवरकोंडा, खुशबू सुंदर भी इस मुद्दे के खिलाफ आवाज उठाने के लिए आगे आते नजर आए. अब जाह्नवी कपूर ने भी इस मुद्दे पर अपनी चुप्पी तोड़ी है. सोशल मीडिया पर एक लंबा नोट शेयर करते हुए उन्होंने अपना गुस्सा जाहिर किया है. 

अपने AI वीडियो पर भड़की जाह्नवी

सम्बंधित ख़बरें

जाह्नवी ने इसे क्रिमिनल माइंडसेट बताते हुए कहा- टेक्नोलॉजी का गलत इस्तेमाल करके किसी महिला को उसकी मर्जी के बिना गलत तरीके से दिखाना या उसका फर्जी यौन कंटेंट बनाना, उसकी सहमति और सम्मान का सीधा उल्लंघन है. मेरी इंडस्ट्री में महिलाओं को लंबे समय से अपनी मर्जी, पसंद और शरीर को लेकर इस तरह के गलत व्यवहार का सामना करना पड़ता है. लेकिन अब ये चीजें और भी गंभीर होती जा रही हैं.

'हमें ये समझना बहुत जरूरी है कि अगर कोई महिला किसी चीज के लिए हां कहती है, तो इसका मतलब हर चीज के लिए हां नहीं है. अगर कोई महिला मिनीस्कर्ट पहनती है, तो इसका मतलब ये बिल्कुल नहीं कि कोई उसकी बिना इजाजत फोटो खींच सकता है या उसके शरीर को गलत नजर से देख सकता है. एक महिला जहां सहज महसूस करती है और जहां अपनी सीमा तय करती है, उस पर फैसला लेने का अधिकार सिर्फ उसी का है.'

जाह्नवी ने महिलाओं की सुरक्षा पर उठाए सवाल

जाह्नवी ने आगे 'कंसेंट' पर बात करते हुए कहा- ये सिर्फ AI वीडियो की बात नहीं है. पिछले कुछ हफ्तों में मैंने जो देखा है और अपने पूरे करियर में जो अनुभव किया है, उससे साफ है कि समस्या इससे कहीं बड़ी है. एक महिला होने का मतलब अक्सर लगातार लोगों की नजरों, उनके जजमेंट और अपनी सुरक्षा को लेकर समझौते करते रहना है. हमें हमेशा ये डर रहता है कि कहीं कोई हमारी सीमाओं को अपनी मर्जी से ना समझ ले.

'जब हम महिलाओं के सामने मौजूद असली और शारीरिक खतरे को ही ठीक से नहीं संभाल पा रहे हैं, तो टेक्नोलॉजी इन खतरों को और बढ़ा देती है और महिलाओं की जिंदगी मुश्किल बना देती है. इसका जवाब सिर्फ ये नहीं हो सकता कि मैं अपनी बेटी की रक्षा करूंगा. हमें उस सोच को बदलना होगा, जिसकी वजह से लोगों को लगता है कि किसी की सहमति और सीमाओं को तोड़ना आसान है. ये बदलाव तभी आएगा, जब लोग हिम्मत के साथ सही और गलत के बीच फर्क बताएं और गलत चीजों के खिलाफ खड़े हों.'

एनटीआर-चिरंजीवि का किया धन्यवाद

जाह्नवी ने अंत में स्टार्स को भी धन्यवाद कहा जिन्होंने इस मुद्दे पर उनका साथ दिया. उन्होंने लिखा- जूनियर एनटीआर सर ने इस मामले में जिस तरह मजबूती से आवाज उठाई और इस तरह के व्यवहार की निंदा की, उससे मैं बहुत प्रभावित हुई हूं. धन्यवाद सर. जब कोई ऐसा व्यक्ति, जिसे लाखों लोग पसंद और सम्मान करते हैं, ऐसी चीज के खिलाफ आवाज उठाता है, जिसे कई महिलाएं चुपचाप झेलती हैं, तो इससे उन सभी महिलाओं को हिम्मत मिलती है, जिन्होंने कभी ना कभी इस तरह का व्यवहार झेला है.

'चिरंजीवी सर, विजय और कृति को भी बहुत-बहुत धन्यवाद. इस गलत सोच और ऐसी अनैतिक हरकतों के खिलाफ आवाज उठाना और कार्रवाई करना हम सभी की जिम्मेदारी है. मैं इन दिनों अपने आसपास जो कुछ देख रही हूं, उससे बहुत हैरान हूं. महिलाओं को परेशान करना, उनका पीछा करना या उन्हें सिर्फ एक वस्तु की तरह देखना कभी सही नहीं हो सकता. हर महिला को अपनी जिंदगी, अपने शरीर और अपनी सीमाओं को लेकर खुद फैसला लेने का पूरा अधिकार है.'

---- समाप्त ----