Contract Employees Health Cover: दिल्ली नगर निगम (MCD) ने अपने कर्मचारियों, पेंशनर्स और बुजुर्गों के लिए हेल्थ पॉलिसी में बड़े बदलाव किए हैं। अब संविदा कर्मचारियों को भी इसका फायदा मिलेगा। इसके साथ ही एमसीडी ने अवैध निर्माण के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई तेज कर दी है।
Delhi MCD Employee Benefits: दिल्ली नगर निगम (MCD) ने कर्मचारियों, पेंशनर्स, बुजुर्गों और अन्य लाभार्थियों को बेहतर चिकित्सा सुविधा देने के लिए अपनी हेल्थ पॉलिसी में बदलाव किया है। नई व्यवस्था के तहत पक्के कर्मचारियों और उनके आश्रितों को पैनल में शामिल अस्पतालों में CGHS दरों पर कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी।
पहली बार कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों को भी कवर
नई पॉलिसी की खास बात यह है कि पहली बार संविदा यानी कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों और उनके परिवारों को भी स्वास्थ्य सुविधा के दायरे में शामिल किया गया है। इससे MCD में काम करने वाले संविदा कर्मचारियों को इलाज के खर्च को लेकर बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
70 साल से ज्यादा उम्र वालों को खास सुविधा
पेंशनर्स और फैमिली पेंशनर्स को पहले की तरह कैशलेस इलाज की सुविधा जारी रहेगी। वहीं, 70 वर्ष या उससे अधिक उम्र के बुजुर्ग बिना रेफरल के सीधे विशेषज्ञ डॉक्टर से परामर्श ले सकेंगे। अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में उन्हें भी कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी।
दिल्ली से बाहर रहने वालों को भी लाभ
नई व्यवस्था के तहत दिल्ली से बाहर रहने वाले लाभार्थी वहां के सरकारी अस्पतालों में इलाज करा सकेंगे। इसके बाद उन्हें निर्धारित CGHS दरों के अनुसार इलाज का खर्च वापस मिल सकेगा। मेयर प्रवेश वाही ने अधिकारियों को नई नीति को जल्द लागू करने के निर्देश दिए हैं।
अवैध निर्माण पर MCD का बड़ा अभियान
दूसरी ओर, MCD ने अवैध निर्माण और खतरनाक इमारतों के खिलाफ भी कार्रवाई तेज कर दी है। शनिवार को निगम के सभी 12 जोनों में अभियान चलाया गया। इस दौरान 29 जगहों पर अवैध निर्माण को ध्वस्त किया गया, जबकि नियमों का उल्लंघन करने वाली तीन संपत्तियों को सील किया गया।
12 जोन में चला बुलडोजर
MCD के मुताबिक, कार्रवाई मास्टर प्लान ऑफ दिल्ली (MPD) और बिल्डिंग बायलॉज के उल्लंघन के खिलाफ की गई। वेस्ट जोन में राजौरी गार्डन एक्सटेंशन, जीवन पार्क और नवादा में कार्रवाई हुई। वहीं, करोल बाग जोन के बलजीत नगर, मोती नगर और पांडव नगर में भी अवैध निर्माण हटाए गए।
एक दिन पहले भी हुई थी बड़ी कार्रवाई
इससे एक दिन पहले MCD ने 41 संपत्तियों को ध्वस्त किया था और 10 संपत्तियों को सील किया था। निगम ने साफ किया है कि बिना स्वीकृत नक्शे के निर्माण और भवन नियमों के उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अवैध और खतरनाक निर्माण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।