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MBBS-BDS Admission 2026: NEET EWS कोटे की 8 लाख आय सीमा पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, जानें क्या हैं नियम| Navbharat Live

July 31, 2026

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सार

NEET Reservation 2026: नीट EWS आरक्षण के लिए 8 लाख रुपये वार्षिक आय सीमा पर सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल इसे पहली नजर में उचित बताया है। अंतिम फैसला अभी बाकी है और वर्तमान पात्रता नियम यथावत लागू हैं।

MBBS-BDS Admission 2026: Supreme Court issues major decision on 8 lakh income limit for NEET EWS quota, know the rules

मेडिकल एडमिशन इंडिया 2026 (सोर्स- एआई नीर्मित)

विस्तार

NEET MBBS Admission EWS Quota 2026: NEET 2026 के जरिए एमबीबीएस (MBBS) और बीडीएस (BDS) में दाखिले की तैयारी कर रहे लाखों छात्रों के लिए आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) आरक्षण से जुड़ा मामला बेहद महत्वपूर्ण बना हुआ है। EWS (Economically Weaker Section) श्रेणी के तहत मेडिकल कॉलेजों में 10 प्रतिशत आरक्षण का लाभ लेने के लिए परिवार की वार्षिक आय और संपत्ति से जुड़े निर्धारित मानकों को पूरा करना अनिवार्य है। इसी बीच सुप्रीम कोर्ट में 8 लाख रुपये वार्षिक आय सीमा की वैधता को लेकर चल रही सुनवाई में अहम टिप्पणी सामने आई है।

अदालत ने मौखिक रूप से कहा कि पहली नजर में यह सीमा उचित प्रतीत होती है, लेकिन इस मामले में अभी अंतिम फैसला नहीं दिया गया है। यह विवाद वर्ष 2021 में तब शुरू हुआ था जब केंद्र सरकार ने नीट के ऑल इंडिया कोटा में ओबीसी (OBC) के लिए 27 प्रतिशत और ईडब्ल्यूएस के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण लागू किया था। फिलहाल जब तक सुप्रीम कोर्ट कोई नया आदेश जारी नहीं करता, तब तक मेडिकल प्रवेश प्रक्रिया में मौजूदा EWS पात्रता मानदंड ही प्रभावी रहेंगे। ऐसे में NEET 2026 के अभ्यर्थियों को वर्तमान नियमों के अनुसार ही आवेदन और दस्तावेज तैयार रखने होंगे। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला।

सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पणी

दरअसल सुप्रीम कोर्ट में न्यायमुर्ती पीएस नरसिम्हा और न्यायमुर्ती आलोक अराधे की बेंच ने सुनवाई के दौरान मौखिक रूप से कहा कि ईडब्ल्यूएस (Economically Weaker Section) कोटे के लिए 8 लाख रुपये सालाना आय की लिमिट पहली नज़र में सही और उचित प्रतीत होती है। यह अभी कोई अंतिम फैसला नहीं है। इस मामले पर आगे भी सुनवाई जारी रहेगी, जिसके बाद कोर्ट का फाइनल डिसीजन आएगा।

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8 लाख आय सीमा पर विवाद

साल 2021 में सरकार द्वारा नीट (NEET) के ऑल इंडिया कोटा (AIQ) में ईडब्ल्यूएस के लिए 10% और ओबीसी के लिए 27% आरक्षण लागू किए जाने के बाद से यह मामला अदालत में विचाराधीन है। इसके बाद गठित ‘पांडे कमीशन’ ने भी 8 लाख रुपये की आय सीमा को उचित ठहराया था, बशर्ते तय कृषि भूमि (जिनके पास 5 एकड़ या उससे ज्यादा खेती की जमीन है) की शर्तें भी लागू हों। जब तक सुप्रीम कोर्ट का अंतिम फैसला नहीं आता, तब तक मेडिकल प्रवेश के लिए पुराने नियम और शर्तें ही लागू रहेंगी।

EWS के लिए कौन है पात्र?

बता दें कि जब तक सुप्रीम कोर्ट (SC) का इस मामले पर कोई नया और अंतिम आदेश नहीं आ जाता है, तब तक जितने भी मेडिकल कॉलेजों हैं , सभी में दाखिले के लिए पुराने नियम लागू रहेंगे। वहीं ईडब्ल्यूएस (EWS) के प्रतिशत आरक्षण का लाभ केवल उन्हीं छात्रों को मिलेगा, जो दिए गए कुछ नियम को पूरा करते हैं। अगर इनमें से कोई भी एक चीज छात्रों के परिवार के पास है, मतलब एक भी नियम पूरी नहीं करते हैं, तो आप EWS कोटे का लाभ लेने से वंचित रह जाएंगे।

EWS कोटे के लिए मौजूदा पात्रता

EWS आरक्षण का लाभ लेने के लिए उम्मीदवार को निम्न शर्तें पूरी करनी होंगी

  • परिवार की वार्षिक आय 8 लाख रुपये या उससे कम हो।
  • परिवार के पास 5 एकड़ या उससे अधिक कृषि भूमि न हो।
  • 1000 वर्ग फुट या उससे बड़ा आवासीय फ्लैट न हो।
  • नगर पालिका क्षेत्र में 100 वर्ग गज या उससे बड़ा प्लॉट न हो।
  • नगर पालिका क्षेत्र के बाहर 200 वर्ग गज या उससे बड़ा प्लॉट न हो।

यदि इनमें से कोई भी अपात्रता की शर्त लागू होती है, तो EWS आरक्षण का लाभ नहीं मिलेगा।

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NEET AIQ आरक्षण प्रतिशत

  • OBC (नॉन-क्रीमी लेयर): 27%
  • SC (अनुसूचित जाति) 15%
  • ST (अनुसूचित जनजाति) 7.5%
  • EWS (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग)10%
  • PwBD (दिव्यांगजन) 5% (क्षैतिज आरक्षण)

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