
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अगस्त के आखिरी रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 137वें एपिसोड के जरिए देशवासियों को संबोधित किया। कार्यक्रम की शुरुआत में उन्होंने सभी श्रोताओं का स्वागत करते हुए कहा कि यह ऐसा मंच है, जहां देश की नई पहल, अनोखे विचार और आम लोगों के प्रयासों को सामने लाया जाता है। पीएम मोदी ने कहा कि देशवासियों की मेहनत और ऊर्जा से कई ऐसे काम सामने आते हैं, जो समाज के लिए प्रेरणादायक बनते हैं।
नशामुक्ति पर जोर
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने ‘नशा मुक्त युवा- विकसित भारत’ अभियान का विशेष रूप से जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह अभियान पूरे देश में तेजी से आगे बढ़ रहा है और इसका लक्ष्य बिल्कुल स्पष्ट है। पीएम मोदी के मुताबिक, जब देश का युवा नशे से मुक्त होगा, तभी भारत को नशामुक्त बनाने की दिशा में मजबूत कदम बढ़ाया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोग, खासकर युवा, इस अभियान से जुड़ रहे हैं। यह युवाओं की सेहत, खुशी और बेहतर भविष्य के लिए सामूहिक संकल्प है।
स्लोगन बनाने की अपील
पीएम मोदी ने देशवासियों से नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने के लिए नए और रचनात्मक तरीके अपनाने की अपील की। उन्होंने लोगों से नशामुक्ति को लेकर प्रभावी स्लोगन तैयार करने को कहा। प्रधानमंत्री ने कहा कि कई बार किसी अभियान का संदेश एक अच्छे और याद रहने वाले स्लोगन के जरिए लोगों तक जल्दी पहुंच जाता है। उन्होंने युवाओं से इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने और अपने रचनात्मक विचारों को सामने लाने का आग्रह किया।
गानों से जागरूकता
प्रधानमंत्री ने युवा संगीतकारों और कंटेंट क्रिएटर्स से भी इस मुहिम में योगदान देने की अपील की। उन्होंने पूछा कि क्या युवा कलाकार ऐसे गाने तैयार कर सकते हैं, जिनमें नशामुक्त जीवन का संदेश हो। उन्होंने कहा कि देश में प्रतिभाशाली कंटेंट क्रिएटर्स की कोई कमी नहीं है। ऐसे में अलग-अलग भारतीय भाषाओं में तैयार किया गया प्रभावी कंटेंट समाज में नशे के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने में अहम भूमिका निभा सकता है।
नशे का सामाजिक असर
पीएम मोदी ने कहा कि नशे की लत का असर केवल उस व्यक्ति तक सीमित नहीं रहता, बल्कि पूरा परिवार और समाज भी इसके दुष्परिणाम झेलता है। उन्होंने उन लोगों की सराहना की, जो नशे के खिलाफ लोगों को जागरूक करते हैं और नशे की लत से जूझ रहे लोगों की मदद के लिए आगे आते हैं। उन्होंने छात्रों और थिएटर समूहों से भी ऐसे छोटे नाटक तैयार करने की अपील की, जिनमें नशे के खतरों के साथ उससे बाहर निकलने का रास्ता भी दिखाया जाए।
सोशल मीडिया से जुड़ें
प्रधानमंत्री ने देशवासियों से अपने रचनात्मक प्रयासों को सोशल मीडिया पर साझा करने का भी आग्रह किया। उन्होंने कहा कि लोग अपने स्लोगन, गाने, नाटक और अन्य जागरूकता सामग्री को #नशामुक्तयुवा के साथ शेयर कर सकते हैं। पीएम मोदी ने कहा कि कई बार किसी व्यक्ति का रचनात्मक प्रयास किसी औपचारिक अभियान से भी ज्यादा प्रभावी साबित हो सकता है। उन्होंने सभी से युवाओं को नशे से दूर रखने के इस अभियान में अपनी भूमिका निभाने की अपील की।
Kirtika Tyagi
Kirtika Tyagi is a journalist. she is working on sub-editor post and she is expert in International, National, Health, Crime, Lifestyle, Astro beat.