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Iran Political Crisis: ईरान में तख्तापलट की कोशिश! राष्ट्रपति पेजेशकियन पर क्यों भड़के कट्टरपंथी?

July 19, 2026

Time Published: Sunday, July 19, 2026, 15:49 [IST]

Iran Political Crisis: अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य तनाव के बीच अब ईरान के अंदर भी सत्ता को लेकर विवाद गहराता दिख रहा है। CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, कट्टरपंथी गुटों ने राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन और विदेश मंत्री अब्बास अराघची पर अमेरिका से समझौता कर सॉफ्ट तख्तापलट की कोशिश करने का आरोप लगाया है। उनका दावा है कि नए सुप्रीम लीडर की भूमिका कमजोर की जा रही है और सत्ता कुछ नेताओं के हाथ में सिमट रही है।

पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान भी सरकार के खिलाफ नाराजगी खुलकर सामने आई, जिससे ईरान की अंदरूनी राजनीति में बढ़ते तनाव के संकेत मिले हैं।

Iran Political Crisis

कट्टरपंथियों ने सरकार पर क्या आरोप लगाए?

कट्टरपंथी गुटों का कहना है कि खामेनेई की मौत के बाद सरकार को अमेरिका और इजराइल से बदला लेना चाहिए था, लेकिन उसने बातचीत और समझौते का रास्ता चुना। उनका आरोप है कि यह फैसला नए सुप्रीम लीडर और मुज्तबा खामेनेई की इच्छा के खिलाफ लिया गया। साथ ही सरकार पर संसद को कमजोर करने, सुप्रीम लीडर के निर्देशों की अनदेखी करने और अमेरिका से बातचीत कर सत्ता अपने हाथ में लेने की कोशिश का भी आरोप लगाया जा रहा है।

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अंतिम संस्कार में खुलकर दिखा विरोध

अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान कट्टरपंथी समर्थकों का गुस्सा खुलकर सामने आया। राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन के ताबूत के साथ चलने पर कुछ लोगों ने उनके खिलाफ नारे लगाए। विदेश मंत्री अब्बास अराघची पर पत्थर फेंके गए और उन्हें "देश बेचने वाला गद्दार" कहा गया। एक धार्मिक गायक ने सार्वजनिक मंच से राष्ट्रपति को धमकी तक दे डाली। इन घटनाओं ने दिखाया कि सरकार और कट्टरपंथी गुटों के बीच तनाव काफी बढ़ चुका है।

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मुज्तबा खामेनेई की चुप्पी क्यों बनी चर्चा?

खामेनेई के बेटे मुज्तबा खामेनेई अब तक सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए हैं। उन्होंने न तो देश को संबोधित किया है और न ही अपनी भूमिका स्पष्ट की है। विशेषज्ञों का मानना है कि उनकी चुप्पी की वजह से सत्ता का चेहरा राष्ट्रपति पेजेशकियन, संसद अध्यक्ष मोहम्मद बघेर गालिबाफ और विदेश मंत्री अराघची बन गए हैं। इसी कारण कट्टरपंथी गुट इन्हीं नेताओं पर सत्ता हथियाने और तख्तापलट जैसी साजिश के आरोप लगा रहे हैं।