Ayushman Card Update: हरियाणा के आयुष्मान कार्डधारकों के लिए जरूरी खबर है। 1 सितंबर 2026 को प्रदेश के आयुष्मान योजना से जुड़े कई निजी अस्पतालों में कैशलेस इलाज की सुविधा प्रभावित रह सकती है। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) हरियाणा ने लंबे समय से लंबित क्लेम के भुगतान की मांग को लेकर 24 घंटे की सांकेतिक हड़ताल का ऐलान किया है।
इस विरोध का असर खास तौर पर आयुष्मान योजना के तहत मिलने वाली सेवाओं पर पड़ेगा। हालांकि, सामान्य मरीजों के इलाज पर इस फैसले का असर नहीं बताया गया है। ऐसे में आयुष्मान कार्ड से इलाज कराने वाले लाभार्थियों को अस्पताल जाने से पहले वहां की मौजूदा स्थिति की जानकारी लेना बेहतर होगा।
6 महीने से ज्यादा समय से अटके हैं कई क्लेम
निजी अस्पतालों का कहना है कि आयुष्मान योजना के तहत मरीजों का इलाज करने के बाद सरकार से क्लेम का भुगतान प्राप्त होता है। लेकिन कई अस्पतालों के भुगतान लंबे समय से लंबित हैं।
IMA हरियाणा के मुताबिक, कुछ मामलों में क्लेम का भुगतान छह महीने से भी ज्यादा समय से अटका हुआ है। अस्पताल संचालकों का कहना है कि लगातार भुगतान नहीं होने से उनकी आर्थिक स्थिति पर दबाव बढ़ रहा है और आयुष्मान योजना के तहत सेवाएं जारी रखना मुश्किल हो रहा है।
अस्पतालों की ओर से सरकार के सामने कई बार लंबित भुगतान का मुद्दा उठाया गया है। अब इसी मांग को लेकर सांकेतिक हड़ताल का फैसला किया गया है।
24 घंटे बंद रहेंगी आयुष्मान से जुड़ी सेवाएं
IMA हरियाणा के अनुसार, विरोध की अवधि 1 सितंबर की रात 12 बजे से 2 सितंबर की रात 12 बजे तक रहेगी। यानी कुल 24 घंटे तक आयुष्मान कार्ड से संबंधित निजी अस्पतालों की सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं।
इस दौरान आयुष्मान कार्डधारकों को निजी अस्पतालों में इलाज या कैशलेस सुविधा लेने में परेशानी हो सकती है। हालांकि, अस्पतालों में सामान्य चिकित्सा सेवाएं इस विरोध के दायरे में नहीं हैं।
फरीदाबाद के मरीजों को भी सावधानी जरूरी
फरीदाबाद समेत हरियाणा के अलग-अलग जिलों में आयुष्मान योजना के तहत सूचीबद्ध निजी अस्पताल हैं। ऐसे में लाभार्थियों के लिए जरूरी है कि वे इलाज के लिए निकलने से पहले संबंधित अस्पताल से फोन पर यह जरूर पूछ लें कि उस दिन आयुष्मान कार्ड की सुविधा उपलब्ध है या नहीं।
हरियाणा सरकार की ओर से आयुष्मान योजना के तहत सूचीबद्ध अस्पतालों की जानकारी भी उपलब्ध कराई जाती है। मरीज वहां से अपने जिले के अस्पतालों की स्थिति की जानकारी ले सकते हैं।
मांग नहीं मानी तो 16 सितंबर से बड़ा कदम
निजी अस्पतालों के संगठन ने यह भी संकेत दिया है कि अगर लंबित भुगतान को लेकर सरकार की ओर से जल्द ठोस समाधान नहीं किया गया, तो विरोध आगे बढ़ सकता है।
IMA हरियाणा के मुताबिक, 16 सितंबर की रात 12 बजे से आयुष्मान सेवाओं को पूरी तरह बंद करने की स्थिति बन सकती है। अस्पतालों का कहना है कि उनका उद्देश्य मरीजों को परेशान करना नहीं है, लेकिन लंबे समय से भुगतान लंबित होने के कारण आर्थिक दबाव लगातार बढ़ रहा है।
आयुष्मान कार्डधारक क्या करें?
अगर आपको 1 सितंबर को आयुष्मान कार्ड के जरिए निजी अस्पताल में इलाज कराना है, तो घर से निकलने से पहले अस्पताल से सेवा उपलब्ध होने की पुष्टि कर लें। अगर किसी अस्पताल में आयुष्मान सुविधा अस्थायी रूप से बंद है, तो नजदीकी दूसरे सूचीबद्ध अस्पताल या सरकारी अस्पताल में उपलब्ध विकल्प के बारे में जानकारी ली जा सकती है।
खास तौर पर गंभीर स्थिति वाले मरीजों को इलाज में देरी नहीं करनी चाहिए और जरूरत पड़ने पर तुरंत नजदीकी इमरजेंसी या सरकारी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करना चाहिए।