Tarapith Hotel Fire: पश्चिम बंगाल के बीरभूम स्थित तारापीठ में चार मंजिला होटल में भीषण आग लगने से 7 तीर्थयात्रियों की मौत हो गई। कई लोग घायल हैं।
Tarapith Hotel Fire
- Published: 17 Aug 2026, 09:27 AM IST
- Last Updated: 17 Aug 2026, 09:27 AM IST
Tarapith Hotel Fire: सावन के तीसरे सोमवार पर पश्चिम बंगाल के प्रसिद्ध तारापीठ मंदिर के पास बड़ा हादसा हो गया। बीरभूम जिले के तारापीठ में सोमवार तड़के एक चार मंजिला होटल में भीषण आग लग गई। हादसे के वक्त होटल में तीर्थयात्री ठहरे हुए थे और कई लोग सो रहे थे। आग की चपेट में आने से अब तक 7 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि कई अन्य घायल बताए जा रहे हैं। घायलों को इलाज के लिए रामपुरहाट सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सुबह-सुबह होटल में लगी आग
पुलिस के मुताबिक, तारापीठ स्थित होटल के ग्राउंड फ्लोर पर सोमवार सुबह करीब 5 बजे अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और होटल में धुआं भर गया। उस समय होटल में ठहरे कई श्रद्धालु सो रहे थे।
आग की सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
सात लोगों की मौत की पुष्टि
शुरुआती जानकारी में अस्पताल सूत्रों ने हादसे में 5 लोगों की मौत की बात कही थी। बाद में पुलिस ने मृतकों की संख्या बढ़कर 7 होने की पुष्टि की। हादसे में कई लोगों के झुलसने की भी जानकारी सामने आई है।
घायलों को तत्काल रामपुरहाट सरकारी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार चल रहा है। कुछ घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
सो रहे थे तीर्थयात्री, अचानक मची अफरातफरी
बताया जा रहा है कि सावन के चलते तारापीठ में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और तीर्थयात्री पहुंचे हुए हैं। होटल में भी कई यात्री ठहरे थे। सुबह आग लगने के बाद धुआं फैलने से होटल में अफरातफरी मच गई।
फिलहाल आग लगने की सटीक वजह सामने नहीं आई है। पुलिस और दमकल विभाग घटना की जांच कर रहे हैं। आग शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी या इसके पीछे कोई अन्य कारण था, इसकी जानकारी जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
लगातार सामने आ रहे हादसे
सावन के तीसरे सोमवार के दिन धार्मिक स्थलों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे हैं। इसी दौरान बिहार के लखीसराय स्थित अशोकधाम मंदिर में भी भगदड़ की घटना सामने आई, जिसमें कई श्रद्धालुओं की जान चली गई। ऐसे में तारापीठ होटल अग्निकांड ने भी सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को लेकर चिंता बढ़ा दी है।